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’दिग्गी’लीक्स… सलकनपुर मंदिर समिति की जांच हो, पंचायतों के आवंटन निरस्त हो

बुधनी विधानसभा के भैरूंदा-रेहटी पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह

सीहोर। जिस तरह विकीलीक्स खुफिया जानकारी लोगों को वेबसाइट के माध्यम सेे उपलब्ध कराती है। अब उसी तर्ज पर सीहोर जिले की बुधनी विधानसभा में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, पूर्व मुख्यमंत्री एवं राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने भी भाजपा सरकार एवं सिस्टम को लेकर कई खुलासे किए हैं। पूर्व मुख्यमंत्री बुधनी विधानसभा के रेहटी एवं भैरूंदा पहुंचे थे। उन्होेंने भैरूंदा के सोना पैलेस गार्डन में आयोजित कार्यक्रम में ग्राम वन समिति के पदाधिकारियों एवं आदिवासी परिवारों से वन अधिकार अधिनियम 2006 के तहत दिए जाने वाले वन अधिकार पत्र के संबंध में चर्चा की। इससे पहले भैरूंदा पहुंचे दिग्विजय सिंह का कांग्रेस नेताओें, कार्यकर्ताओें ने जोरदार स्वागत किया। उनके साथ में पूर्व मंत्री राजकुमार पटेल भी मौजूद रहे।

कांग्रेस ने आदिवासियों-आदिवासियों को दिलाया अधिकार-
राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने भैरूंदा में आयोजित कार्यक्रम में ग्राम वन समिति के पदाधिकारियों एवं आदिवासी परिवारों से वन अधिकार अधिनियम 2006 के तहत दिए जाने वाले वन अधिकार पत्र के संबंध में चर्चा की। इस दौरान उन्हें कई शिकायती पत्र भी दिए गए। आदिवासियों ने आरोेप लगाए गए वे वर्षों से जंगल की जमीन पर खेती के साथ में रह रहे है, लेकिन उन्हें अब तक पट्टे नहीं दिए गए। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि वन अधिकार अधिनियम तत्कालीन केंद्र सरकार ने वर्ष 2005-06 में लागू किया। नेशनल एडवायजरी काउंसिल की अध्यक्ष सोनिया गांधी के अनुरोध पर डॉ. मनमोहन सिंह की सरकार ने आदिवासी, वनवासियोें को जंगल की जमीन का हक दिलाया। इससे करोेड़ों आदिवासियोें को लाभ हुआ, लेकिन मध्यप्रदेश में भाजपा की सरकार ने वन अधिकार अधिनियम में पट्टों का वितरण एवं उनके सत्यापन की प्रक्रिया नहीं अपनाई। उसका पूरी तरह से सरकारीकरण कर दिया। हमारेे पास शिकायतें हैं कि इस काम में जमकर भ्रष्टाचार किया गया। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में 15 माह रही कांग्रेस की सरकार ने पौने चार लाख से अधिक लोगों को सत्यापन कर वन अधिकार समिति केे माध्यम सेे पट्टे वितरण किए। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें एक हल्के के लगभग साढ़े तीन हजार आदिवासियोें के नाम, गांव का नाम सहित पूरा डेल्टस दिया गया है, जिसमें वन अधिकार समिति के पास लंबित होेने का कारण बताया गया है। यहां पता चला कि वन अधिकार समिति के अध्यक्षोें को ही पता नहीं है कि वे इसके अध्यक्ष हैं। पूरे तरीके से उन्हें इसकी कोेई जानकारी नहीं दी गई।

धर्म के नाम पर ठगा जा रहा-
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने मीडिया के सामने कई खुलासे किए। राज्यसभा सांसद ने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार एमपी को गर्त में ले जा रही है। यह घपले-घोटालों की सरकार है। बुधनी विधानसभा क्षेत्र में ही बड़े-बड़े कारनामें किए जा रहे हैं। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि यहां पर धर्म के नाम पर लोगोें को ठगा जा रहा है। धार्मिक यात्राओं के लिए करोड़ों रूपए प्रचार में खर्च कर दिए हैं। सलकनपुर मंदिर में चोरी हो गई। वहां पर एक साधारण से कमरे में नोटोें की बोेरियां रखी हुईं। वहां तिजोेरी क्यों नहीं रखी गई। रोजाना नोटोें की गिनती होेना चाहिए औैर बोर्ड पर लिखना चाहिए कि कितनी राशि दान में आई है। हम मुख्यमंत्री से मांग करते हैं कि सलकनपुर मंदिर समिति के मौजूद अध्यक्ष के कार्यकाल की जांच होनी चाहिए। कांग्रेस की सरकार बनेगी तो हम इसकी जांच कराएंगे। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि सीएम निवास पर कई पंचायतेें बुलाई जा रही है। सरपंचों की पंचायत बुलाकर पंचायतोें कोे लाखों रूपए दिए गए। एक-एक पंचायतोें को 20 लाख, 25 लाख, 23 लाख, 53 लाख इस तरह से चिन्हित पंचायतोें कोे लाखोें रूपए दिए गए। इन पंचायतोें ने इस खेत से उस खेत तक सड़क बनाई है। हम मांग करते हैं कि मुख्यमंत्री ये सारे आवंटन निरस्त करें। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि खनिज विभाग द्वारा डेवलपमेंट टैक्स 1300 करोड़ रूपए वसूला गया, लेकिन इसमें से 1200 करोेड़ बुधनी में लग गया। सरकारी स्कूल बंद कराए जा रहे हैं। सीएम राइज स्कूल खोल रहे हैं। वहां पर यूनिफार्म पर पैसे वसूल किए जा रहे हैं।

गौ माता मर रही हैं, इसका श्राप भाजपा को लगेगा-
पूर्व मुख्यमंत्री ने सड़कोें पर दम तोड़ रही गौैवंश को लेकर कहा है कि कांग्रेस की सरकार औैर मेेरे मुख्यमंत्रित्वकाल में गौसंवर्धन बोर्ड बनाया गया। कमलनाथजी ने एक हजार गौशालाएं खोलने की घोषणा की और पंचायतोें में गौशालाएं बनवाई, लेकिन वहां पर चारा नहीं पहुंच पा रहा है। गायें सड़कोें पर दम तोड़ रही हैं। सरकार धर्म का आडंवर कर रही है। इसका श्राप भाजपा कोे लगेेगा। उन्होंने कहा कि तीन माह के बाद भी किसानोें कोे मूंग का पैसा नहीं मिला है। भाजपा नेताओें के वेयरहाउसों पर गड़बड़ी करके मूंग तुलाई हुई। उन्हें ब्लैकलिस्ट किया गया और बाद में उनमें मूंग तुलाई करवाई गई। किसान पैसोें के लिए परेशान हो रहे हैैं। पूर्व मुुख्यमंत्री ने कहा कि हर माह 15 से 20 हजार करोड़ कर्जा लिया जा रहा है। कांग्रेस केे शासनकाल में प्रदेश पर 23 हजार करोड़ का कर्जा था, लेकिन अब साढ़े तीन लाख करोड़ से ज्यादा का कर्जा हो गया है। पूर्व मुख्यमंत्री नेे बढ़तेे बिजली के बिल सहित कई अन्य मुद्दोें पर भी भाजपा सरकार को आड़े हाथोें लिया। इस दौरान पूर्व मंत्री राजकुमार पटेेल, जिला पंचायत सदस्य बिजेंद्र उईके, कांग्रेस नेता अजय पटेेल, विक्रम मस्ताल शर्मा सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता, पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।

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