महाशिवरात्रि: इस बार बन रहे हैं 5 दुर्लभ महायोग, दीपदान से चमकेगी किस्मत

सीहोर। फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी यानी महाशिवरात्रि का पर्व इस वर्ष बेहद खास होने जा रहा है। ज्योतिषाचार्य पंडित सौरभ गणेश शर्मा (बाला जी ज्योतिष अनुसंधान एवं परामर्श केंद्र) के अनुसार महाशिवरात्रि 15 फरवरी रविवार को मनाई जाएगी। इस बार ग्रहों की स्थिति कुछ ऐसी है कि एक साथ 5 शुभ महायोगों का निर्माण हो रहा है, जो श्रद्धालुओं के लिए अक्षय पुण्यकारी सिद्ध होंगे।
पंडित शर्मा ने बताया कि इस महाशिवरात्रि पर सर्वार्थ सिद्धि योग के साथ-साथ मकर राशि में मंगल और चंद्रमा की युति से लक्ष्मी नारायण राजयोग बन रहा है। वहीं कुंभ राशि में सूर्य, बुध और शुक्र के मिलन से बुधादित्य और शुक्रादित्य योग का निर्माण होगा। इसके अलावा कुंभ राशि में चार ग्रहों की मौजूदगी से चतुग्र्रही योग भी बनेगा, जो मान-सम्मान और तेज में वृद्धि करने वाला माना जाता है। चूंकि शिव पूजा मध्यरात्रि में होती है, इसलिए 15 फरवरी की रात ही मुख्य अनुष्ठान होंगे।
दीपदान से दूर होगी दरिद्रता
शास्त्रों में महादेव के समक्ष दीपदान का विशेष महत्व बताया गया है। पंडित शर्मा के अनुसार शाम को प्रदोष काल में या रात 9 बजे शिवलिंग के पास दीपक जलाने से ऐश्वर्य और धन संपत्ति के द्वार खुलते हैं।
दीपक जलाने के खास नियम
घी का दीपक: गाय के घी का दीपक जलाते समय उसे शिवलिंग के बाईं ओर रखें और इसमें सफेद रुई की बत्ती का उपयोग करें।
तेल का दीपक: तेल का दीपक हमेशा दाईं ओर रखें और इसमें लाल धागे कलावा की बत्ती का उपयोग करना श्रेष्ठ होता है।
विशेष लाभ: जटिल समस्याओं से मुक्ति के लिए 8 या 12 मुखी दीपक जलाना अचूक उपाय है।
ज्योतिषाचार्य ने बताया कि दीपक जलाते समय शांत मन से श् नम: शिवाय मंत्र का जाप करना चाहिए। प्रदोष काल में किया गया यह दीपदान न केवल कर्ज से मुक्ति दिलाता है, बल्कि मानसिक शांति और आत्मिक ऊर्जा भी प्रदान करता है।



