गोपालपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, मोटर चोर गिरोह का पर्दाफाश, 6 आरोपी गिरफ्तार
05 मोटर, भारी मात्रा में केबल और बाइक बरामद, चोरी का माल खरीदने वाले कबाड़ी भी दबोचे गए

सीहोर। पिछले कुछ समय से किसानों के खेतों, तालाबों और ट्यूबवेल से मोटर चोरी करने वाले गिरोह पर नकेल कसते हुए गोपालपुर पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने गिरोह के 4 मुख्य चोरों और चोरी का माल खरीदने वाले 2 कबाडिय़ों सहित कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से चोरी की गई मोटरें, तांबे का वायर और वारदात में इस्तेमाल बाइक जब्त की गई है।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार गोपालपुर क्षेत्र के किसान लगातार मोटर और केबल चोरी की वारदातों से परेशान थे। पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार शुक्ला के निर्देश और एएसपी व एसडीओपी रोशन कुमार जैन के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। पुलिस ने मुखबिर तंत्र और साइबर सेल की मदद से संदिग्धों पर नजर रखना शुरू किया।
पूछताछ में खुला चोरी का राज
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने सुनील उर्फ काटरु, राजू उर्फ राजेन्द्र, सूरज और पतिराम को हिरासत में लेकर कड़ी पूछताछ की। पहले तो आरोपी टालमटोल करते रहे, लेकिन सख्ती बरतने पर उन्होंने क्षेत्र के विभिन्न स्थानों से मोटर और केबल चोरी करना स्वीकार किया।
चोरों की निशानदेही पर पुलिस ने 04 नग ओपनवेल मोटर, 01 नग सबमर्सिबल पंप, भारी मात्रा में कॉपर केबल, घटना में प्रयुक्त पल्सर बाइक जब्त की है। जप्त मशरूका की कुल अनुमानित कीमत लगभग 1 लाख 40000 रुपये बताई जा रही है।
कबाडिय़ों पर भी गिरी गाज
जांच में यह बात सामने आई कि चोर अपना माल गोपालपुर के कबाड़ व्यापारी अनिल निमोरे और विकास जाटव को बेचते थे। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए दोनों कबाडय़िों को भी गिरफ्तार कर लिया है और उनके पास से चोरी का तांबे का तार बरामद किया है।
ये आरोपी हुए गिरफ्तार
सुनील उर्फ काटरु निवासी शमशाबाद, राजू उर्फ राजेन्द्र निवासी रानीपुरा, सूरज निवासी रानीपुरा, पतिराम निवासी रानीपुरा, अनिल निमोरे निवासी गोपालपुर कबाड़ी, विकास जाटव निवासी गोपालपुर कबाड़ी शामिल हैं।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
इस सफल कार्रवाई में निरीक्षक महेन्द्र सिंह गौड़, उपनिरीक्षक लवेश कुमार, विजय यादव, महेश विश्वकर्मा, राधेश्याम चौहान, जीवन, शिवनारायण, विशाल सिंह तोमर, राजीव कुमार, राहुल बघेल और राजेश मीणा की मुख्य भूमिका रही।



