
सीहोर। जिला मुख्यालय के समीपस्थ चितावलिया हेमा स्थित निर्माणाधीन मुरली मनोहर एवं कुबेरेश्वर महादेव मंदिर में शुक्रवार को चैत्र नवरात्रि की नवमी और रामनवमी का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर अंतरराष्ट्रीय कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा के सानिध्य में मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम का जन्मोत्सव मनाया गया और 501 से अधिक कन्याओं का पूजन कर उन्हें भोजन कराया गया।
सुबह से ही कुबेरेश्वर धाम में घंटियों और शंख की गूंज सुनाई देने लगी थी। पंडित प्रदीप मिश्रा ने स्वयं नवरात्रि के समापन पर कन्या पूजन का विशेष संदेश देते हुए नन्ही कन्याओं के चरण पखारे। उन्होंने कन्याओं को तिलक लगाकर और चुनरी ओढ़ाकर माता रानी के स्वरूप में उनका आशीर्वाद लिया। इस दौरान उन्होंने उपस्थित श्रद्धालुओं को घर में बेटी के जन्म का महत्व समझाते हुए कहा कि बेटियां साक्षात लक्ष्मी और शक्ति का स्वरूप हैं।
व्यासपीठ का लिया आशीर्वाद
धाम पर आयोजित विशेष यज्ञ का समापन पंडित श्री मिश्रा एवं आधा दर्जन से अधिक विद्वान पंडितों की उपस्थिति में हुआ। विठलेश सेवा समिति की ओर से पंडित विनय मिश्रा, समीर शुक्ला, आशीष वर्मा, मनोज दीक्षित, आकाश शर्मा, यश अग्रवाल, सौभाग्य मिश्रा, रविन्द्र नायक, कुणाल गोस्वामी और बंटी परिहार सहित बड़ी संख्या में सदस्यों ने व्यवस्थाएं संभालीं। सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहींए जिन्होंने व्यासपीठ का आशीर्वाद प्राप्त किया।
श्रद्धा और भक्ति का संगम
चैत्र नवरात्रि की नवमी पर भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव के अवसर पर धाम में विशेष सजावट की गई थी। ढोल-नगाड़ों के साथ भगवान राम और बाबा कुबेरेश्वर महादेव का पूजन किया गया। पूजन के पश्चात कन्याओं को खीर-पूरी की प्रसादी खिलाई गई। मंदिर परिसर में दिनभर भंडारे का आयोजन चलता रहा, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। धाम पर आने वाले श्रद्धालुओं के लिए यह दिन भक्ति और शक्ति के अद्भुत संगम जैसा रहा।