एनजीटी के नियमों को ठेंगा दिखा रहे माफिया पर माइनिंग विभाग वर्मा का एक्शन

सीहोर। नर्मदा का सीना छलनी कर रहे रेत माफियाओं के खिलाफ मंगलवार को खनिज विभाग ने सर्जिकल स्ट्राइक जैसी कार्रवाई की है। बुधनी तहसील के सोमलवाड़ा में जब नियम-कायदों को ताक पर रखकर नदी की जलधारा के बीच भारी मशीनें गरज रही थीं, तभी माइनिंग इंस्पेक्टर खुशबू वर्मा ने अपनी टीम के साथ धावा बोल दिया। मौके से एक पोकलेन और एक जेसीबी मशीन को रंगे हाथों जब्त किया गया है।
बता दें सोमलवाड़ा खदान इन दिनों अवैध उत्खनन का गढ़ बनी हुई थी। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के स्पष्ट आदेश हैं कि नदी के पानी के अंदर मशीनें ले जाना प्रतिबंधित है, लेकिन यहां माफिया बेखौफ होकर नदी के बीचों-बीच से रेत निकाल रहे थे। दोपहर करीब 12 बजे जब खनिज विभाग का अमला अचानक पहुंचा तो वहां हडक़ंप मच गया। माफिया मशीनों को छोडक़र भागने की फिराक में थे, लेकिन टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए उन्हें अपने कब्जे में ले लिया और शाहगंज थाने में खड़ा कराया।
टूट रही अंचल की सडक़ें
इस कार्रवाई ने न केवल माफियाओं की कमर तोड़ी है, बल्कि लंबे समय से परेशान ग्रामीणों को भी राहत दी है। ग्रामीणों का आरोप है कि अवैध उत्खनन के कारण नर्मदा में गहरे गड्ढे हो गए हैं, जिससे जलीय जीवन और जलस्तर दोनों खतरे में हैं। भारी डंपरों के कारण गांव की सडक़ें धूल के गुबार में तब्दील हो चुकी हैं, जिससे लोग सांस की बीमारियों से जूझ रहे हैं।



