
आष्टा। परम पूज्य गुरू भगवंत खरतरगच्छाधिपति जैनाचार्य 1008 पूज्य जिनचंद्र सूरिजी महाराज के शिष्य मुनिश्री यतिवर्य अमृतसुंदर जी महाराज साहब, मुमुक्षु विकास चौपड़ा एवं मुमुक्षुणी अंजली राखेचा की आलोक यात्रा 16 फरवरी को नगर में प्रवेश हुई थी, जिसका वरघोड़ा 17 फरवरी को स्वनिवास गंज से प्रारंभ हुआ, जो कन्नौद रोड स्थित दादावाड़ी पहुंचा। यहां धर्मसभा एवं दीक्षार्थियों का बहुमान समारोह आयोजित कर उन्हें सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के आयोजन का लाभ बागमल प्रेमचंद्र वेदमुथा परिवार को प्राप्त हुआ। वरघोड़े में विधायक प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा अपने साथियों के साथ शामिल हुए और मुनिश्री यतिवर्य अमृतसुंदर जी महाराज साहब का अभिनंदन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। वरघोड़े में विधायक प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा, श्वेतांबर जैन समाज अध्यक्ष पवन सुराना, विनीत सिंगी, नगीन वोहरा, प्रभात धाड़ीवाल, सुरेश सुराना, अभिषेक सुराना, नगीनचंद्र रूणवाल, अतुल सुराना, नीलेश बोथरा, सचिन कोठारी, राहुल धाड़ीवाल, विपीन सिंगी, पराग धाड़ीवाल, सुमित मेहता, मोहित वेदमूथा, विजय मेवाडा, वैभव मेवाडा, जितेन्द्र बुदासा सहित बड़ी संख्या में जैन समाज के श्रावक-श्राविकाएं मौजूद थी।