नपा और बिजली कंपनी में छिड़ा लेटर वॉर, एक-दूसरे पर मढ़ रहे जिम्मेदारी

नपा बोली, कर्मचारियों की लापरवाही से हो रहा आर्थिक नुकसान, बिजली कंपनी का पलटवार, लाइटें बंद-चालू करना हमारा नहीं, नपा का काम

सीहोर। शहर की सडक़ों पर दिन में जलती और रात में बुझती स्ट्रीट लाइटों को लेकर अब नगर पालिका और मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी आमने-सामने आ गए हैं। दिन-दहाड़े स्ट्रीट लाइटें चालू रहने से हो रही बिजली और पैसों की बर्बादी पर जब नपा सीएमओ ने सख्त नाराजगी जताई तो बिजली कंपनी ने भी दोटूक जवाब देकर गेंद वापस नपा के पाले में डाल दी है। बिजली विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि सडक़ों की लाइटें बंद या चालू करना मूल रूप से नगर पालिका का काम हैए कंपनी का नहीं।
बिजली कंपनी द्वारा जारी पत्र क्रमांक 718-719 में स्पष्ट किया गया है कि स्ट्रीट लाइटों को सुबह-शाम चालू और बंद करने का काम मूल रूप से नगर पालिका से संबंधित है। इसके बावजूद विद्युत विभाग का एक कर्मचारी रोजाना सुबह और शाम इसी काम में व्यस्त रहता है। कंपनी ने नपा को संलग्न सूची के अनुसार सभी कनेक्शनों पर तुरंत ऑटो स्विच लगाने का निवेदन किया है, ताकि व्यवस्था सुचारू हो सके।
एक दिन पहले नपा सीएमओ ने लिखा था पत्र
इससे पहले 22 सितंबर को नगर पालिका सीएमओ ने बिजली कंपनी के महाप्रबंधक को पत्र भेजकर भारी नाराजगी जताई थी। नपा का आरोप था कि बिजली कर्मचारियों की लापरवाही के कारण दोपहर तक शहर में स्ट्रीट लाइटें जलती रहती हैं, जिससे नपा के खजाने पर जबरिया आर्थिक बोझ पड़ रहा है।
रात 10 बजे तक पसरा रहता है अंधेरा
नपा द्वारा भेजे गए पत्र में बताया गया कि सुबह कर्मचारी मेन स्विच बंद करना भूल जाते हैं, जिससे दिनभर बिजली की बर्बादी होती है। वहीं शाम ढलने पर कर्मचारी स्विच ऑन करना भूल जाते हैं। जोन-1 और जोन-2 क्षेत्र में नपा कर्मचारियों द्वारा बार-बार फोन करके याद दिलाने के बाद ही रात 9 से 10 बजे के बीच लाइटें चालू की जाती हैं, जिससे राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
मई में भी दी गई थी चेतावनी, सुधार नहीं
सीएमओ ने पत्र में उल्लेख किया कि इससे पहले 21 मई को भी पत्र लिखकर व्यवस्था सुधारने का आग्रह किया गया थाए लेकिन बिजली विभाग के ढर्रे में कोई बदलाव नहीं आया। नपा ने मांग की थी कि लापरवाह कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाए और आर्थिक नुकसान रोकने के लिए ऑटोमैटिक टाइमर जैसी ठोस व्यवस्था लागू की जाए, जिसके जवाब में अब बिजली कंपनी ने नपा को खुद ही ऑटो स्विच लगाने की सलाह दे दी है।

 

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