
सीहोर। सरकार के एक नियम ने कारण परेशान हो रहे किसानों को अब राहत मिली है। दरअसल सरकार द्वारा एक नोटिफिकेशन
जारी किया गया था, जिसमें पीईएसओ (पेट्रोलियम एंड एक्सप्लोसिव्स सैफ्टी आर्गेनाइजेशन) द्वारा अनुमोदित कंटेनर या कैन में ही डीजल, पेट्रोल देने का नियम तय किया गया था। ऐसे में किसानों को पेट्रोल पंपों पर डीजल नहीं मिल रहा था, लेकिन अब उनकी परेशानी को दूर करते हुए कलेक्टर सीहोर बालागुरू के. ने आदेश जारी किए हैं, जिसमें पेट्रोल पंप संचालकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे किसानों को उनकी प्लास्टिक केनों में 50 लीटर तक डीजल दें। कलेक्टर बालागुरू के. द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि डीजल का विक्रय शासन के आदेश, सुरक्षा एवं विधिक प्रावधानों के अनुरूप किया जाए। इसके साथ ही विक्रय अभिलेख भी संधारित रखे जाएं। कलेक्टर द्वारा दिए गए आदेश में कहा गया है कि निर्देशों का अनुपालन नहीं करने पर पंप संचालक के विरूद्ध नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई भी की जाएगी। आदेश तत्काल से प्रभावशील भी किया गया है।
किसानी सीजन, लगे थे ब्लैकमेलिंग के आरोप-
मानसून सर पर है और किसान सोयाबीन, धान, मक्का, बारिश के मूंग सहित अन्य फसलों की बोवनी की तैयारियों में लगे हुए हैं। वे दिन-रात अपने खेतों को तैयार कर रहे हैं, लेकिन उन्हें पर्याप्त डीजल ही नहीं मिल पा रहा था। पेट्रोल पंपों पर एक-एक, दो-दो हजार का डीजल दिया जा रहा था। इससे किसानों का काम नहीं चल रहा था। किसानों ने सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन भी किया था। साथ ही उन्होंने आरोप भी लगाया था कि पेट्रोल पंपों पर डीजल की ब्लैकमेलिंग हो रही है। किसानों को पर्याप्त डीजल नहीं दिया जा रहा है, जबकि सड़कों पर दौड़ रहे डंपरों सहित अन्य वाहनों को भरपूर डीजल मिल रहा है। किसानों ने धरना-प्रदर्शन की भी चेतावनी दी थी।
इधर ब्लैक में बेचा जा रहा था डीजल, 2640 किलोग्राम हुआ जब्त-