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कलेक्टर ने किया बुधनी और रेहटी तहसील कार्यालय का औचक निरीक्षण, इन्हें मिली शाबासी, रेहटी से ले गए फाइलें

- निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने अच्छा काम करने वालों की सराहना की और लापरवाही पर नाराजगी भी जताई

सीहोर। आमजन के सभी राजस्व संबंधी मामलों का समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने तथा इस कार्य में लापरवाही बरतने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के विरूद्ध कार्रवाई करने के उद्देश्य से कलेक्टर प्रवीण सिंह द्वारा तहसील कार्यालय, एसडीएम कार्यालय और राजस्व कोर्ट का औचक निरीक्षण कर राजस्व संबंधी कार्यवाही के सभी दस्तावेजों का बारीकी से निरीक्षण किया जा रहा है।
कलेक्टर सिंह ने औचक निरीक्षण के दूसरे दिन बुधनी तथा रेहटी तहसील कार्यालय और राजस्व कोर्ट का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जहां एक ओर अच्छे कार्य करने वाले तहसीलदार एवं राजस्व कर्मचारियों की सराहना की, तो वहीं लापरवाह अधिकारी-कर्मचारियों पर नाराजगी भी जताई। कलेक्टर द्वारा बुधनी तहसील कार्यालय तथा रेवेन्यू कोर्ट के निरीक्षण के दौरान नामांतरण बंटवारा, सीमांकन, बटांकन सहित अन्य राजस्व प्रकरणों का नियमानुसार और समय-सीमा में निराकरण के साथ ही राजस्व अभिलेखों और तहसील कार्यालय के बेहतर प्रबंधन के लिए बुधनी तहसीलदार सौरभ वर्मा के कार्य की प्रशंसा की। कलेक्टर प्रवीण सिंह ने रेहटी तहसील कार्यालय और तहसीलदार की कोर्ट के निरीक्षण के दौरान राजस्व प्रकरणों का विधिवत निराकरण नहीं पाए जाने पर असंतोष व्यक्त किया।
समय-सीमा में निराकरण कराएं –
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर प्रवीण सिंह ने राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए कि राजस्व प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण कराएं तथा आमजन की शिकायतों एवं समस्याओं का भी त्वरित निराकरण कराना सुनिश्चित करें। उन्होंने सभी राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए कि राजस्व संबंधी कार्यों के लिए तहसील आने वाले आमजन को कोई परेशानी न हो। निरीक्षण के दौरान अपर कलेक्टर वृंदावन सिंह, एसडीएम राधेश्याम बघेल तथा डिप्टी कलेक्टर सुधीर कुशवाह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
एसडीएम ने किया आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण –
सीहोर एसडीएम तन्मय वर्मा ने आंगनवाडी केंद्र क्रमांक 89 एवं केंद्र क्रमांक 91 का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्रों में संचालित सेवाओं की जानकारी ली। उन्होंने बच्चों की उपस्थिति, बच्चों को मिलने वाला नाश्ता, मध्यान्ह आदि के वितरण की स्थिति देखी। उन्होंने बच्चों को दिए जाने वाले मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता भी परखी। उन्होंने बच्चों का वजन, ऊंचाई और पोषण का रिकार्ड देखा। श्री वर्मा ने बच्चों से भी चर्चा की और कुछ समय बच्चों के साथ बिताया।

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