अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा के पर्याय अपर कलेक्टर वृंदावन सिंह सेवानिवृत्त, दी गई भावभीनी विदाई

सीहोर। कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में गुरुवार को एक गरिमामय कार्यक्रम के बीच अपर कलेक्टर वृंदावन सिंह को उनकी अधिवार्षिकी आयु पूर्ण होने पर भावभीनी विदाई दी गई। सेवा निवृत्ति के इस अवसर पर कलेक्टर बालागुरू के. और एसपी दीपक कुमार शुक्ला सहित जिले के तमाम प्रशासनिक अधिकारियों ने श्री सिंह के कार्यकाल की सराहना करते हुए उनके उज्जवल भविष्य और स्वस्थ जीवन की कामना की।
विदाई समारोह को संबोधित करते हुए कलेक्टर बालागुरू के. ने कहा कि अपर कलेक्टर श्री सिंह ने अपने कार्यकाल के दौरान हर जिम्मेदारी को पूरी दक्षता और विधि सम्मत तरीके से निभाया। उन्होंने कहा पिछले डेढ़ वर्षों में ऐसा कोई भी कार्य नहीं रहा जो श्री सिंह को सौंपा गया हो और वह समय सीमा में पूरा न हुआ हो। प्रशासनिक कार्यों पर उनकी मजबूत पकड़ और कठिन परिस्थितियों में संतुलन बनाए रखने का हुनर अन्य अधिकारियों के लिए सीखने योग्य है।
प्रोफेशनल दृष्टिकोण ही सबसे बड़ा गुण
एसपी दीपक कुमार शुक्ला ने श्री सिंह की कार्यशैली की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनका अपने काम के प्रति प्रोफेशनल दृष्टिकोण ही उन्हें सबसे अलग बनाता है। उन्होंने पूरी निष्ठा और ईमानदारी से अपने दायित्वों का निर्वहन किया जो नए प्रशासनिक अधिकारियों के लिए प्रेरणादायक है।
अनुशासन ही सफलता की कुंजी
अपनी विदाई पर अनुभव साझा करते हुए निवर्तमान अपर कलेक्टर वृंदावन सिंह भावुक नजर आए। उन्होंने कहा कि जीवन में अनुशासन का विशेष महत्व है, यही हमें कर्तव्य का बोध कराता है। उन्होंने युवा अधिकारियों को सलाह दी कि शासकीय कार्यों में दक्षता के लिए नियमों का निरंतर अध्ययन और अद्यतन जानकारी रखना अनिवार्य है। उन्होंने बदलते समय के साथ शासन की कार्यप्रणाली में आने वाले बदलावों को सहजता से स्वीकार करने का आह्वान किया।
इनकी रही उपस्थिति
कार्यक्रम में संयुक्त कलेक्टर वंदना राजपूत, रविन्द्र परमार, एसडीएम तन्मय वर्मा, स्वाती मिश्रा सहित विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे। तहसीलदार अमित सिंह, सहायक संचालक महेश यादव और सीएमओ सुधीर सिंह सहित कई कर्मचारियों ने श्री सिंह के साथ बिताए गए अपने खट्टे-मीठे और प्रेरणादायक अनुभव साझा किए। कार्यक्रम के अंत में सभी ने उन्हें स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानपूर्वक विदाई दी।



