एसपी ने ली अपराध समीक्षा बैठक, त्यौहारों पर सुरक्षा सख्त, लंबित मामलों के निपटारे के दिए निर्देश

सीहोर। पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सभाकक्ष में एसपी सोनाक्षी सक्सेना की अध्यक्षता में जिले की मासिक अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. प्रशांत चौबे, सभी अनुविभागीय अधिकारी रक्षित निरीक्षक उपेंद्र यादव, थाना प्रभारी और विभिन्न शाखाओं के प्रभारी उपस्थित रहे।

बैठक की शुरुआत में एसपी ने श्रावण मास के दौरान कांवड़ यात्रा, शिव पालकी यात्रा और धार्मिक आयोजनों में कानून व सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ बनाए रखने पर अधिकारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। इसके बाद 1 जनवरी से 15 सितंबर तक दर्ज अपराधों की समीक्षा की गई।
त्यौहारों पर चाक-चौबंद रहेगी सुरक्षा व्यवस्था
आगामी त्यौहारों को ध्यान में रखते हुए एसपी ने निर्देश दिए कि सभी झांकी व पूजा पंडालों पर उपस्थिति रजिस्टर रखा जाए और वॉलंटियर्स की सूची का सत्यापन हो। पंडालों में बिजली कनेक्शन और अग्नि सुरक्षा उपकरणों की जांच अनिवार्य रूप से की जाए। संवेदनशील इलाकों में पुलिस बल की तैनाती, शाम के समय बाइक पेट्रोलिंग और पैदल गश्त बढ़ाने के निर्देश दिए गए। विसर्जन स्थलों पर क्रेन, पर्याप्त रोशनी, लाइफ जैकेट्स और गोताखोरों की व्यवस्था रहेगी।

गंभीर अपराधों और महिला सुरक्षा पर सख्त रुख
हत्या, लूट, डकैती, नकबजनी और वाहन चोरी जैसे मामलों में आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी व मशरूका बरामदगी के निर्देश दिए गए। महिला एवं बाल अपराधों के मामलों में 60 दिनों की तय समय-सीमा के भीतर जांच पूरी कर अदालत में चालान पेश करने को कहा गया। साथ ही अवैध शराब, जुआ-सट्टा, अवैध हथियार और मादक पदार्थों के खिलाफ विशेष अभियान चलाने तथा आदतन अपराधियों पर जिला बदर व रासुका की कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
डिजिटल पोर्टल और वारंट तामीली पर जोर
एसपी सक्सेना ने विवेचना में आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल बढ़ाने के निर्देश दिए। ई-साक्ष्य ऐप, फिंगरप्रिंट और यौन अपराधी डेटाबेस का शत प्रतिशत उपयोग करने को कहा गया। वारंट तामीली के लिए बीट प्रभारियों की जवाबदेही तय की गई है। इसके अलावा सीएम हेल्पलाइन, जनसुनवाई व साइबर अपराध से जुड़ी शिकायतों का समय पर निराकरण कर पीडि़तों को राहत दिलाने पर बल दिया गया।



