सीहोर-आष्टा मंडी में गेहूं की बंपर आवक, रेहटी-बकतरा में सन्नाटा

सीहोर। इस साल मौसम ने किसानों का साथ दिया, जिसका नतीजा यह है कि जिले में गेहूं की पैदावार जबरदस्त हुई है। जिले की मंडियों में इन दिनों गेहूं की इतनी आवक हो रही है कि पुराने रिकॉर्ड टूट रहे हैं। पिछले डेढ़ महीने में जिले की 8 मंडियों में करीब 9.81 लाख क्विंटल गेहूं पहुंच चुका है।
आंकड़ों पर नजर डालें तो सीहोर और आष्टा की मंडियों में सबसे ज्यादा भीड़ दिख रही है। वहीं रेहटी, बकतरा और श्यामपुर जैसी मंडियों में फिलहाल सन्नाटा है, यहां उम्मीद के मुताबिक किसान नहीं पहुंच रहे हैं।
मार्च व 18 अप्रैल तक आवक पर नजर
मार्च से लेकर 18 अप्रैल तक की आवक की बात करें तो सीहोर मंडी में मार्च महीने में 13 हजार 989 क्ंिवटल आवक हुई, जबकि 18 अप्रैल तक 12 हजार 3280, इसी तरह आष्टा में मार्च में 17 हजार 129 क्ंिवटल और अप्रैल में 18 हजार 95 क्ंिवटल, भैरुंदा में मार्च में 11 हजार 134 क्ंिवटल, जबकि अप्रैल में 7 हजार 343 क्ंिवटल, रेहटी में मार्च में 1 हजार 265 क्ंिवटल, जबकि अप्रैल में 517 क्ंिवटल, बक्तरा में मार्च में शून्य, जबकि 18 अप्रैल तक महज 51 क्ंिवटल आवक ही दर्ज हो सकी।
सरकारी केन्द्रों की जगह मण्डी पहली पसंद
बता दें जिले में सरकारी खरीदी भी शुरू हो चुकी है, लेकिन फिर भी बहुत से किसान मंडी का रुख कर रहे हैं। इसकी दो मुख्य वजहें सामने आई हैं।
हाथों-हाथ पैसा: मंडी में फसल बेचते ही किसान को नकद भुगतान मिल जाता है, जबकि सरकारी केंद्रों पर पैसा आने में एक हफ्ते का समय लग रहा है।
स्लॉट बुकिंग की झंझट: सरकारी केंद्रों पर अभी सिर्फ छोटे किसानों (5 एकड़ तक वाले) से ही खरीदी की जा रही है। बड़े किसानों की खरीदी शुरू न होने और स्लॉट बुक करने में आ रही तकनीकी दिक्कतों की वजह से किसान परेशान हैं।



