
सीहोर। मानसून के दौरान होने वाले हादसों को रोकने के लिए जिला प्रशासन इस समय बेहद सख्त रुख अपनाए हुए है। जिले के प्रसिद्ध अमरगढ़ और दिगंबर वॉटरफॉल पहुंचे भोपाल के कई पर्यटकों को प्रशासन की टीम ने प्रतिबंधात्मक आदेश का हवाला देकर मौके से ही बैरंग वापस लौटा दिया।
प्रशासन द्वारा की जा रही मुस्तैदी का असर शनिवार और रविवार को वीकेंड पर साफ देखने को मिला। शनिवार को अमरगढ़ वॉटरफॉल की ओर जा रहे 15 पर्यटकों को टीम ने रास्ते में ही रोक लिया। वहीं रविवार को छुट्टी का दिन होने के कारण भीड़ और बढ़ी, जिसके बाद अमरगढ़ जा रहे करीब 20 लोगों को प्रशासनिक अमले ने रोककर प्रतिबंधात्मक आदेशों की जानकारी दी और समझा बुझाकर वापस घर भेज दिया।
दिगंबर वॉटरफॉल पर भी रही सख्त पहरेदारी
अमरगढ़ के साथ-साथ प्रसिद्ध दिगंबर वॉटरफॉल पर भी प्रशासनिक टीम पूरी तरह मुस्तैद दिखी। नायब तहसीलदार रामलोचन तिवारी ने बताया कि दिगंबर वॉटरफॉल पर भोपाल से आए 15 से अधिक पर्यटकों को रोका गया। टीम ने उन्हें मानसूनी सीजन में अचानक जलस्तर बढऩे से होने वाले संभावित हादसों के प्रति आगाह किया और वापस भोपाल भेज दिया। अधिकारियों ने सैलानियों से अपील की कि वे अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा को प्राथमिकता दें।
सुरक्षा के लिए लागू है धारा 163, तैनात है मैदानी अमला
कलेक्टर बालागुरु के. के निर्देशानुसार बारिश के मौसम में नागरिकों की जान माल की सुरक्षा को देखते हुए जिले के सभी नदी, नालों, जल प्रपातों वॉटरफॉल, तालाबों और डैमों के आसपास प्रतिबंधात्मक आदेश लागू किए गए हैं। इन जगहों पर राजस्वए वन विभाग और पुलिस प्रशासन के मैदानी अमले की चौबीसों घंटे ड्यूटी लगाई गई है, जो हर आने-जाने वाले पर्यटक पर पैनी नजर रख रहे हैं।