सावधान! रेहटी में ‘स्टार सिटी’ के नाम पर महाधोखा, सुविधाएं के स्वप्र दिखा हड़पे करोड़ों, अब मांग रहे टैक्स

सीहोर। प्रॉपर्टी के कारोबार में धोखाधड़ी का एक ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसने रेहटी के ‘स्टार सिटी’ (तारा नगर) राधा स्वामी आश्रम के पास वार्ड क्रमांक 2 में आशियाना बनाने का सपना देखने वाले सैकड़ों परिवारों की रातों की नींद उड़ा दी है। स्टार बिल्डर्स एंड डेवलपर्स के संचालक अनिल सिंह निवासी चकल्दी पर आरोप है कि उन्होंने कागजों पर चमचमाती कॉलोनी का सब्जबाग दिखाकर और रजिस्ट्री में बड़ी-बड़ी सुख-सुविधाओं का लिखित वादा करके सीधे-साधे लोगों को अवैध प्लॉट बेच दिए। अब करोड़ों रुपए हड़पने के बाद जब विकास की बारी आई तो बिल्डर गायब है और नगर परिषद ने इस पूरी कॉलोनी को ही अवैध घोषित कर दिया है।
इस पूरे मामले में एक और चौंकाने वाला मोड़ सामने आया है। कॉलोनी में चोरी-छिपे एक ऐसा नोटिस जारी किया गया है, जिसने निवासियों के होश उड़ा दिए हैं। नोटिस में लिखा है कालोनी का काम शुरू होने जा रहा है, इसलिए सभी निवासी अपने प्लॉट साइज के हिसाब से रोड और नाली के निर्माण का पैसा कार्यालय में आकर तुरंत जमा करें।
अब सवाल यह उठता है कि जब प्लॉट बेचते वक्त बिल्डर ने विकास करके देने का वादा किया था और उसकी पूरी कीमत वसूली थी तो अब फिर से निवासियों की जेब पर डाका क्यों डाला जा रहा है।
5-6 साल से काट रहे थे चक्कर
ठगी के शिकार प्रेमनारायण, बलराम सिंह, सुरेश और अमीरशाह सहित अन्य प्रार्थीगणों ने जब कॉलोनी में मूलभूत सुविधाएं न मिलने पर नगर परिषद रेहटी में शिकायत की तो वहां से मिले जवाब ने उनके पैरों तले जमीन खिसका दी। नगर परिषद के अधिकारियों ने साफ कह दिया कि इस स्टार सिटी कॉलोनी का हमारे पास कोई वैध रिकॉर्ड या विलय ही नहीं है। यानी बिल्डर ने बिना डायवर्शन और बिना टीएंडसीपी की अनुमति के, अवैध रूप से खेत काट डाले और लोगों की गाढ़ी कमाई लूट ली।
अफसरों के पास पहुंचे पीडि़त
धोखाधड़ी के इस बड़े मायाजाल के खिलाफ कॉलोनी के पीडि़तों ने एकजुट होकर मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने रसीदों और सबूतों के साथ एक लिखित शिकायती पत्र सीधे नगरीय प्रशासन विभाग भोपाल के आयुक्त, सीहोर कलेक्टर, एसडीएम बुधनी, तहसीलदार रेहटी और थाना प्रभारी रेहटी को भेजा है। पीडि़तों ने मांग की है कि अवैध कॉलोनी काटकर धोखाधड़ी करने वाले बिल्डर अनिल सिंह के खिलाफ तुरंत एफआईआर दर्ज कर उसे जेल भेजा जाए।

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