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सीवन नदी पर करोड़ों खर्च, लेकिन बिल्डर की मनमानी फेंक रहे नदी मेें मिट्टी, काट दिए बांस

- रहवासियों की चिंता, बारिश में हो जाएगा इससे जलभराव

सीहोर। शहर की जीवनदायिनी सीवन नदी की सुंदरता एवं इसकेे गहरीकरण के लिए नगरपालिका द्वारा करोड़ों रूपए की राशि खर्च की जा रही है। लगातार सीवन नदी को बचाने का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन एक बिल्डर की मनमानी के चलतेे सीवन नदी का अस्तित्व ही खत्म करने की तैैयारी की जा रही है। दरअसल शहर में गजकेसरी कालोनी बना रहे बिल्डर द्वारा कालोनी से मिट्टी खोदकर नदी में डाली जा रही है, साथ ही नदी के किनारे लगे हरे-भरे पेड़ एवं बांसोें को भी काटकर नदी की सुंदरता बिगाड़ी जा रही है। इसको लेकर आसपास के रहवासियोें ने नगर पालिका के वरिष्ठ अधिकारियोें से शिकायत भी की है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है।
यहां बन रही कालोनी-
सीहोर शहर के इंदौर नाका स्थित सीवन नदी किनारे गज केसरी बिल्डर द्वारा कॉलोनी बनाई जा रही है। कालोनी से मिट्टी खोदकर सीवन नदी में ही डाली जा रही है। इतना ही नहीं बिल्डर द्वारा सीवन नदी एवं कालोनी के बीच मेें लगे पेड़ व बांसोें को भी काट दिया गया है। अब यहां के आसपास के रहवासियोें कोे चिंता है कि बिल्डर द्वारा जो मिट्टी नदी मेें डाली जा रही है उससे पानी का बहाव रूक गया है। बारिश के दिनों मेें भी यहां पर पानी का बहाव रूक जाएगा। इससे उनकेे घरोें एवं आसपास के क्षेत्रों में पानी भर जाएगा। रहवासियों ने इसको लेकर नगर पालिका और कलेक्ट्रेट में ज्ञापन देकर शिकायत दर्ज कराई है। हालांकि अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है।

इनका कहना है-
सीवन नदी में मिट्टी डालने की शिकायत मिली है। इसकी जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। सीवन नदी हमारी जीवनदायिनी है और इसकेे साथ कोई भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
– प्रिंस राठौर, अध्यक्ष नगर पालिका परिषद, सीहोेर

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