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’माननीयों’ का प्रयास+’किसानोें’ का विरोध=मूंग खरीदी

- सीहोर जिले में किसानों के चेहरों पर आई खुशी की लहर, 19 जून से पंजीयन शुरू

सीहोर। मध्यप्रदेश सहित सीहोर जिलेभर में समर्थन मूल्य पर मूंग खरीदी को लेकर बुधनी विधायक रमाकांत भार्गव सहित अन्य विधायकों के प्रयास एवं किसानों का विरोध रंग लाया। सरकार ने अब किसानों से समर्थन मूल्य पर मूंग खरीदी का रास्ता साफ कर दिया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि किसानों से समर्थन मूल्य 8682 प्रति क्विंटल पर मूंग एवं 7400 रूपए प्रति क्विंटल पर उड़द की खरीदी की जाएगी। इसके लिए 19 जून से पंजीयन का कार्य शुरू होगा। मुख्यमंत्री की इस घोषणा के बाद किसानों के चेहरों पर खुशी की लहर है। दरअसल अब तक समर्थन मूल्य पर मूंग खरीदी को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई थी। किसान भी परेशान थे, क्योंकि उनकी मूंग की उपज निकल चुकी थी। मंडियों में भी व्यापारी किसानों की मूंग बेहद कम दामों पर खरीद रहे थे। इसको लेकर किसानों का लगातार विरोध जारी था। किसान संगठन भी लगातार विरोध, प्रदर्शन करते हुए ज्ञापन सौंप रहे थे। मूंग खरीदी को लेकर बुधनी विधायक रमाकांत भार्गव सहित सिवनी-मालवा विधायक प्रेमशंकर वर्मा, सोहागपुर विधायक विजयपाल सिंह, खातेगांव विधायक आशीष शर्मा ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मुलाकात करके उनसे समर्थन मूल्य पर मूंग खरीदी शुरू कराने का आग्रह किया था। इसके बाद मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मूंग खरीदी को लेकर घोषणा कर दी है।
सीहोर जिले में 95 हजार हेक्टेयर से अधिक रकबा-
सीहोर जिलेभर में करीब 95 हजार हेक्टेयर में किसानों ने मूंग की फसल लगाई थी एवं 10-12 क्विंटल प्रति हेक्टेयर उत्पादन भी हुआ है। सीहोर जिले की भैरूंदा, रेहटी, बुधनी एवं इछावर तहसील के कुछ हिस्से में किसानों ने मूंग की फसल लगाई थी। किसानों की मूंग की फसल कटकर तैयार है, लेकिन उन्हें इसके भाव नहीं मिल रहे थे। सरकार ने अब समर्थन मूल्य पर खरीदी की घोषणा कर दी है। उम्मीद है कि अब मंडियों में भी भाव बेहतर हों।
16 जून को है किसान स्वराज संगठन का प्रदर्शन –
किसानों की एमएसपी पर मूूंग खरीदी एवं डीएपी खाद की आपूर्ति को लेकर किसान स्वराज संगठन द्वारा 16 जून को सीहोर जिले के भैरूंदा में बड़ा प्रदर्शन भी रखा गया है। इसमें तीन हजार से अधिक किसानों के ट्रेक्टर-ट्रॉलियों के साथ शामिल होने की संभावना है। हालांकि प्रदर्शन से पहले ही सरकार ने मूंग खरीदी का रास्ता साफ कर दिया है, लेकिन किसान स्वराज संगठन का कहना है कि सरकार किसानों से 6 क्ंिवटल प्रति एकड़ की मात्रा में मूंग की खरीदी करे एवं डीएपी खाद की आपूर्ति करे। फिलहाल मूंग खरीदी को लेकर नीति सामने नहीं आई है, लेकिन समर्थन मूल्य पर मूंग खरीदी का रास्ता साफ हो गया है। किसान स्वराज संगठन द्वारा गांव-गांव में पहुंचकर किसानों को आमंत्रित किया गया है। किसानों में भी सरकार को लेकर गुस्सा बढ़ रहा था और वे लगातार इस विरोध-प्रदर्शन को अपना समर्थन भी दे रहे थे। हालांकि किसानों में अब भी गुस्सा है और उनका कहना है कि सरकार ने यह धरना-प्रदर्शन की नौबत ही क्यों बनने दी। सरकार ने मूंग खरीदी की घोषणा पहले क्यों नहीं की। क्या किसानों को अपनी मांगों के लिए बार-बार ऐसे ही प्रदर्शन करना पड़ेगा।

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