
सीहोर। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के तहत संचालित संजीवनी क्लीनिकों में फर्जी एमबीबीसी डिग्री के सहारे नौकरी मामले के मास्टरमाइंड हीरा सिंह कौशल को लेकर हर दिन नए-नए खुलासे हो रहे हैं। जानकारी में सामने आ रहा है कि हीरा सिंह कौशल ने सीहोर जिले के सीहोर, बिलकिसगंज, रेहटी, भैरूंदा स्वास्थ्य केंद्रों में भी अपने रिश्तेदारों, परिचितों को नौकरी पर रखवाया। यह नियुक्तियां भी फर्जी तरीके से कराई गई। अब सीहोर के सीएमएचओ डॉ. सुधीर डेहरिया की कार्यप्रणाली पर भी सवालिया निशान लग रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग सीहोर ने इस संबंध में चुप्पी साध रखी है। फर्जी डिग्री के मास्टरमाइंड हीरा सिंह कौशल को दमोह पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन सीहोर पुलिस को अब तक हीरा सिंह कौशल की गिरफ्तारी के संबंध में कोई लिखित सूचना नहीं दी गई है।
सीहोर जिले का स्वास्थ्य विभाग यूं तो हमेशा अपनी कारगुजारियों और कार्यप्रणाली को लेकर चर्चाओं में रहता है। अब एक बार फिर से स्वास्थ्य विभाग सीहोर की चर्चाएं जमकर हो रही है। इस बार बिलकिसगंज स्वास्थ्य केंद्र में पदस्थ रेडियोग्राफर हीरा सिंह कौशल द्वारा फर्जी डिग्रियों के माध्यम से नौकरी लगवाने का मामला है। हीरा सिंह कौशल बिलकिसगंज में पदस्थ हैं, लेकिन अब तक उस पर विभागीय कोई कार्रवाई नहीं की गई है। विश्वस्त सूत्र बता रहे हैं कि हीरा सिंह कौशल ने सीहोर जिले के सीहोर सहित बिलकिसगंज, रेहटी, भैरूंदा सहित अन्य स्वास्थ्य केंद्रों में भी अपने रिश्तेदारों, परिचितों को नौकरी पर रखवाया है। यहां पर उसने स्टोर कीपर, एएनएम, नर्सिंग स्टॉफ सहित अन्य पदों पर नौकरी लगवाई। यह पूरा खेल स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदारों की मिलीभगत से हुआ है। बताया यह भी जा रहा है कि इसके लिए हीरा सिंह कौशल ने सीहोर के एक जिम्मेदार अधिकारी को जमीन भी गिफ्ट की है। फिलहाल मामला सुर्खियों में है और जांच का विषय है।
अब उठ रही फर्जी नियुक्तियों की मांग-
एक तरफ सीहोर जिले में बेरोजगार युवाओं को नौकरी नहीं मिल रही है। युवाओं ने लाखों रूपए खर्च करके डिग्रियां ली, लेकिन यहां पर फर्जी डिग्री के सहारे नौकरियां लगवाई गईं। अब मांग भी उठ रही है कि पिछले पांच-छह सालों में जो नौकरियां लगी हैं उनकी जांच हो। इसमें कई फर्जी नियुक्यिां सामने आएंगी।
सीएमएचओ जबाव देने से बच रहे-
सीहोर में पदस्थ मुख्य स्वास्थ्य एवं चिकित्सा अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. सुधीर डेहरिया इस मामले में जबाव देने के लगातार बच रहे हैं। इसके लिए उन्होंने पत्रकारों के नंबरों को भी ब्लॉक कर दिया है। दूसरे नंबरों से भी वे फोन नहीं उठा रहे हैं। इस पूरे मामले में सीएमएचओ की संदिग्ध भूमिका भी साफ नजर आ रही है। यह पूरा मामला सीएमएचओ डॉ. सुधीर डेहरिया के अस्पतालों के लगातार निरीक्षणों के बाद भी सामने नहीं आया। ऐसे में निरीक्षणों पर भी सवाल उठ रहे हैं। आखिर सीएमएचओ ने निरीक्षण के दौरान क्या देखा।
इनका कहना है-
बिलकिसगंज में पदस्थ हीरा सिंह कौशल रेडियोग्राफर के पद पर है। उनकी गिरफ्तारी की सूचना समाचार पत्र एवं मीडिया के माध्यम से मिली। हीरा सिंह कौशल एक मई से अवकाश पर भी हैं। अवकाश का आवेदन वरिष्ठ कार्यालय भेजा गया है एवं इनके बारे में जो जानकारी मिली उससे भी वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है।
– डॉ. नीरज डागोरे, प्रभारी बिलकिसगंज स्वास्थ्य केंद्र, जिला-सीहोर
स्वास्थ्य विभाग में पदस्थ हीरा सिंह कौशल को लेकर दमोह पुलिस द्वारा सीहोर जिला पुलिस के पास गिरफ्तारी से संबंधित कोई सूचना नहीं मिली।
– सुनीता रावत, एएसपी, सीहोर



