किसानों का हित और जल संरक्षण शासन की प्राथमिकता: प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर

सीहोर। पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री तथा सीहोर जिले की प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर ने शुक्रवार को जिला पंचायत सभाकक्ष में विभागीय कार्यों की सघन समीक्षा की। बैठक के दौरान उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदेश सरकार के लिए किसानों का कल्याण और जल स्रोतों का संरक्षण सर्वोपरि है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि विकास कार्यों और सरकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचना सुनिश्चित करें।
प्रभारी मंत्री ने कहा कि जल गंगा संवर्धन अभियान केवल एक सरकारी औपचारिकता नहीं, बल्कि भविष्य की पीढिय़ों को सुरक्षित करने का एक पावन अभियान है। उन्होंने निर्देश दिए कि जिले की नदियों, तालाबों और कुओं के संरक्षण एवं उनके पुनर्जीवन के कार्यों में आम जनता को जोड़े। शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में जल स्रोतों की साफ सफाई और मरम्मत का कार्य प्राथमिकता पर किया जाए।
गेहूं उपार्जन: पारदर्शिता और समय पर भुगतान
किसानों की उपज की खरीदी की समीक्षा करते हुए श्रीमती गौर ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंसा के अनुरूप किसानों के गेहूं के एक-एक दाने की खरीदी की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि खरीदी केंद्रों पर किसानों के लिए छाया, पानी और बैठने की बेहतर व्यवस्था हो। तौल, परिवहन और भुगतान की प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता बरती जाए ताकि किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो।
जिले में अब तक की खरीदी की स्थिति
कुल उपार्जन केंद्र: 240
पंजीकृत किसान: 1,02,485
अब तक खरीदी: 4.70 लाख टन 67,014 किसानों से
कुल भुगतान: 1156 करोड़ रुपये देय राशि में से 688 करोड़ रुपये का भुगतान सफर
पेयजल संकट पर विशेष सतर्कता
भीषण गर्मी को देखते हुए प्रभारी मंत्री ने पेयजल व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने पीएचई विभाग को निर्देशित किया कि खराब पड़े हैंडपंपों की तुरंत मरम्मत कराई जाए और जहां आवश्यक हो, वहां टैंकरों के माध्यम से जलापूर्ति सुनिश्चित करें। उन्होंने पानी की शुद्धता की नियमित जांच करने के भी निर्देश दिए।
प्रशासनिक नवाचारों की थपथपाई पीठ
बैठक में प्रभारी मंत्री ने जिला प्रशासन द्वारा किए जा रहे प्रयोगों की सराहना की। उन्होंने विशेष रूप से शिक्षा विभाग के हर शाला स्मार्ट शाला, स्वास्थ्य विभाग की स्वस्थ सीहोर पहल और महिला एवं बाल विकास विभाग के एक कदम सुपोषण की ओर अभियान को सराहा। उन्होंने उद्यानिकी विभाग द्वारा गुलाब और स्ट्रॉबेरी उत्पादन को बढ़ावा देने के प्रयासों को भी सराहा।
जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय के निर्देश
श्रीमती गौर ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि विभागीय कार्यों और योजनाओं की जानकारी स्थानीय जनप्रतिनिधियों को अनिवार्य रूप से प्रदान की जाए, ताकि विकास कार्यों का क्रियान्वयन और अधिक प्रभावी ढंग से हो सके।
बैठक में ये रहे उपस्थित
बैठक में सीहोर विधायक सुदेश राय, आष्टा विधायक गोपाल सिंह इंजीनियर, भाजपा जिला अध्यक्ष नरेश मेवाड़ा, जिला पंचायत अध्यक्ष रचना मेवाड़ा, नगर पालिका अध्यक्ष प्रिंस राठौर, कलेक्टर बालागुरू के., एसपी सोनाक्षी सक्सेना, जिला पंचायत सीईओ सर्जना यादव सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।



