
सुमित शर्मा
नवरात्रि के दौरान सलकनपुर पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को जंगली जानवरों से बचाने वन विभाग का पहरा रहेगा। दरअसल सलकनपुर क्षेत्र में जंगली जानवरों की चहलकदमी एवं लोकेशन के बाद वन विभाग ने सुरक्षा की दृष्टि से वन विभाग के अमले को सलकनपुर क्षेत्र में तैनात किया है। इस दौरान वन विभाग का अमला जहां श्रद्धालुओं को जंगल की तरफ जाने से रोकेगा तो वहीं जंगली जानवरों पर भी नजर रखेगा। सलकनपुर सहित आसपास के वनक्षेत्र में लगातार तेंदुआ, टाईगर सहित अन्य जंगली जानवरों की लोकेशन सामने आ रही है। सलकनपुर क्षेत्र के जंगल में टाईगर कई बार नजर भी आया। एक बुजुर्ग श्रद्धालु पर हमला भी कर चुका है। सीढ़ी मार्ग पर भी दिखाई दिया। इसी तरह भालू द्वारा भी कई बार श्रद्धालुओं पर हमला किया गया है, लेकिन अब वन विभाग ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर पहल की है। इस बार वन विभाग का अमला श्रद्धालुओं की सुरक्षा की चौकसी करेगा।
लगातार उठ रही है सुरक्षा की मांग-
नवरात्रि में लाखों की संख्या में पहुंचते हैं श्रद्धालु-
आस्था के बड़े केंद्र सलकनपुर स्थित मां विजयासन देवी धाम में नवरात्रि के दौरान लाखों की संख्या में श्रद्धालु-भक्त दूर-दूर से पहुंचते हैं। श्रद्धालु पदयात्रा करके भी यहां पर पहुंचते हैं। शारदीय नवरात्रि के पहले दिन भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचे। रविवार और नवरात्रि का पावन पहला दिन होने के कारण सुबह से ही मंदिर परिसर, सीढ़ी मार्ग और पूरे क्षेत्र में भारी भीड़ देखने को मिली। समाचार लिखे जाने तक एक लाख से अधिक श्रद्धालु मातारानी के दर्शन कर चुके थे। राजधानी भोपाल से लगभग 75 किलोमीटर दूर स्थित सलकनपुर धाम में यूं तो साल भर श्रद्धालुओं का आना-जाना लगा रहता है, लेकिन शारदीय और चैत्र नवरात्रि के पवित्र अवसरों पर इस पूरे क्षेत्र का स्वरूप ही बदल जाता है। नौ दिनों तक यहां मेला जैसा भव्य माहौल रहता है, जहां मध्यप्रदेश के अलावा देश के अन्य राज्यों से भी लाखों की संख्या में श्रद्धालु अपनी मन्नतें लेकर माता के दरबार में हाजिरी लगाने पहुंचते हैं।
अधिकारियों ने ली श्रद्धालुओं की सुध, दुकानों का हटवाया-