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सीहोर में रक्षाबंधन : पालीवाल समाज ने नहीं मनाया, जेल में कैदियों को बहनों ने बांधा रक्षासूत्र

- जनप्रतिनिधियों ने परिवार के बीच मनाया पर्व, जिलेभर में धूमधाम से मना उत्सव

सीहोर। भाई-बहनों के पवित्र त्यौहार रक्षाबंधन पर सीहोर जिले में अलग-अलग तस्वीरें देखने को मिली। इस दौरान जहां पालीवाल ब्राह्मण समाज ने अपनी 735 साल पुरानी परंपरा का निर्वहन करते हुए रक्षाबंधन का पर्व नहीं मनाया।

समाजजनों ने पाली में हुए ऐतिहासिक हमले में शहीद हुए हजारों पालीवाल ब्राह्मणों की स्मृति में उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर उनके बलिदान को याद किया। जेल में भी बेहद भावुक पलों के बीच बहनों ने जेल में बंद अपने भाइयों को रक्षासूत्र बांधा। इस दौरान माहौल भी बेहद भावुक नजर आया। कांग्रेस ने वृद्धाश्रम पहुंचकर बुजुर्गों के साथ में रक्षाबंधन का पर्व मनाया। जनप्रतिनिधियों ने परिवार के बीच रक्षाबंधन का पर्व मनाया। इधर जिलेभर में घर-घर रक्षाबंधन का पर्व परंपरा के अनुसार मनाया गया। इस दौरान जहां सुबह विप्र बंधुओं ने श्रावणी उपाकर्म किया तो वहीं घरों में श्रवण पूजन की गई। इसके बाद दिनभर बहनें अपने-अपने भाइयों को राखी बांधने के लिए पहुंची। देर शाम तक शुभ मुहूर्त में रक्षाबंधन का पर्व मनाया गया।
पालीवाल समाज ने नहीं मनाया रक्षाबंधन-
पालीवाल ब्राह्मण समाज के अनुसार श्रावणी पूर्णिमा के दिन पाली में हुए हमले के दौरान बड़ी संख्या में ब्राह्मणों ने धर्म और मातृभूमि की रक्षा करते हुए अपने प्राणों का बलिदान दिया था। इसी शहादत की याद में समाज द्वारा रक्षाबंधन पर्व नहीं मनाने की परंपरा आज भी निभाई जा रही है। समाजजनों ने शहीदों को नमन करते हुए उनके त्याग और वीरता को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का संकल्प लिया। समाजजनों ने कहा कि रक्षाबंधन का दिन उनके लिए अपने पूर्वजों के बलिदान को याद करने का अवसर है। शहीदों की स्मृति में समाज द्वारा वर्षों से चली आ रही इस परंपरा को आज भी पूरी श्रद्धा के साथ निभाया जा रहा है। सीहोर के साथ आष्टा और शाहगंज में भी पालीवाल समाज ने शहादत की स्मृति में रक्षाबंधन नहीं मनाया। वहीं आष्टा और शाहगंज में भी यह परंपरा जारी रही। इस अवसर पर समाज अध्यक्ष कृष्णकांत पालीवाल, सचिव प्रदीप पालीवाल, कोषाध्यक्ष नरेंद्र पालीवाल, मीडिया प्रभारी सक्षम पालीवाल तथा उपाध्यक्ष संजय पालीवाल बरखेड़ा सहित कार्यकारिणी के सदस्य मौजूद रहे। कार्यकारिणी में मोहन पालीवाल, अशोक पालीवाल, संजय पालीवाल इछावर, अनिल पालीवाल, बाबू दादा, बृजेश पालीवाल, राजेश पालीवाल भाऊँखेड़ी, राजेंद्र पालीवाल नेहरू कॉलोनी, राजरतन पालीवाल, सोनू पालीवाल, लीलाधर पालीवाल, महेश पालीवाल, गोपाल पालीवाल और मदनलाल पालीवाल सहित अन्य समाजजन शामिल रहे। इस मौके पर पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राजकुमारी पालीवाल, पूर्व मंत्री अंजू पालीवाल, कीर्ति पालीवाल, बबली पालीवाल, मीना पालीवाल, निधि पालीवाल, आशा पालीवाल और प्रभा पालीवाल सहित समाज की महिलाओं ने भी शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की।

जनप्रतिनिधियों ने परिवार के बीच मनाया रक्षाबंधन-
त्यौहार के इस खास अवसर पर जिले के जनप्रतिनिधियों के निवास पर भी खासा उत्साह देखने को मिला। राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा, विधायक सुदेश राय ने अपने निज निवास पर बहनों से पारंपरिक रीति-रिवाज के साथ राखी बंधवाई और सभी को पर्व की बधाई दी। इसी क्रम में पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जसपाल सिंह अरोरा, नगर पालिका अध्यक्ष प्रिंस विकास राठौर तथा बुधनी नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि अर्जुन मालवीय सहित अनेक जनप्रतिनिधियों ने अपनी बहनों से तिलक लगवाकर रक्षासूत्र बंधवाया और उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। कांग्रेस जिलाध्यक्ष राजीव गुजराती ने भी परिवार के साथ में रक्षाबंधन का पर्व मनाया।

बाजारों में दिनभर बनी रही चहल-पहल
पर्व को लेकर सुबह से ही शहर के मुख्य बाजार, सराफा बाजार, गांधी रोड, कोतवाली चौराहा और मेन रोड पर खरीदारी के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। राखियों और पूजा-सामग्री की दुकानों पर दिनभर ग्राहकों का जमावड़ा लगा रहा। शहर की प्रसिद्ध मिठाई दुकानों पर घेवर, काजू कतली, सोनपापड़ी और गुलाब जामुन खरीदने के लिए लोगों की भीड़ नजर आईं। इस बार बाजार में बड़ों के लिए रेशमी धागे, चंदन, रुद्राक्ष और कुंदन वाली पारंपरिक राखियां पहली पसंद बनी रहीं, वहीं बच्चों के लिए डोरेमोन, छोटा भीम, स्पाइडरमैन, रंग-बिरंगी एलईडी लाइट और 3डी सिलिकॉन वाली राखियां मुख्य आकर्षण का केंद्र रहीं। इसके अलावा पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने वाली तुलसी व सूरजमुखी के बीजों से निर्मित ईको फ्रेंडली राखियों को भी लोगों ने काफी पसंद किया।

प्रशासन के रहे कड़े इंतजाम, तैनात रही पुलिस-
त्यौहार के दौरान बाजारों में आमजन की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस व प्रशासन द्वारा यातायात और सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए गए थे। पुलिस बल की मुस्तैदी से पूरे जिले में शांति, सुरक्षा और सौहार्दपूर्ण माहौल के बीच रक्षाबंधन का पर्व संपन्न हुआ।

कांग्रेसियों ने मनाया वृद्धाश्रम पहुंचकर रक्षाबंधन-
रक्षाबंधन के पावन पर्व पर सीहोर के सेकड़ाखेड़ी रोड स्थित वृद्धाश्रम में कांग्रेसजनों ने पहुंचकर वृद्धजनों के साथ रक्षाबंधन का त्योहार आत्मीयता और स्नेह के साथ मनाया। इस दौरान कांग्रेसजनों ने वृद्धजनों का सम्मान करते हुए उन्हें मिठाई खिलाई और उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। कार्यक्रम के दौरान कांग्रेसियों ने वृद्धाश्रम में निवासरत बुजुर्गों से आत्मीय संवाद कर उनकी समस्याओं एवं आवश्यकताओं की जानकारी ली। उन्होंने वृद्धजनों को भरोसा दिलाया कि उनकी किसी भी समस्या के निराकरण के लिए वे सदैव तत्पर रहेंगे तथा जरूरत पड़ने पर हरसंभव सहयोग प्रदान किया जाएगा। रक्षाबंधन के अवसर पर वृद्धजनों के बीच पहुंचकर कांग्रेसजनों ने पर्व की खुशियां साझा कीं और उनके प्रति सम्मान एवं अपनत्व की भावना व्यक्त की। इस अवसर पर वरिष्ठ कांग्रेस नेता राजाराम बड़े भाई, सुनील दुबे, भगत सिंह तोमर सहित बड़ी संख्या में कांग्रेसजन उपस्थित रहे। इधर जिलाध्यक्ष राजीव गुजराती ने परिवार के साथ रक्षाबंधन का पर्व मनाया। रक्षाबंधन पर उन्होंने सभी को बधाई, शुभकामनाएं भी दीं।

संकल्प वृद्धाश्रम में मना रक्षाबंधन महोत्सव-
हर साल की तरह इस साल भी सीहोर स्थित संकल्प वृद्धाश्रम में रक्षाबंधन का पर्व आस्था और उत्साह के साथ मनाया गया। इस मौके पर नशामुक्ति केन्द्र में करीब 150 से अधिक हितग्राही, स्टाफ और आश्रम में निवासरत करीब दो दर्जन से अधिक बुजुर्गों ने आशीर्वाद दिया। श्रद्धा भक्ति सेवा समिति के संचालक राहुल सिंह के निर्देश पर आयोजित महोत्सव की शुरूआत भजन कीर्तन के साथ की गई। कार्यक्रम के दौरान आश्रम के केयर टेकर आनंद व्यास, बाबू सिंह, रितेश माहेश्वरी ने यहां पर आने वाले समाजसेवी विवेक रुठिया आदि का स्वागत किया। समाजसेवी विवेक रुठिया ने यहां पर निवासरत वृद्धजनों को बिस्कुट के पैकेट आदि का वितरण करते हुए कहा कि बुजुर्गोें की सेवा करना ही भगवान की सेवा है।

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