Newsआष्टाइछावरजावरनसरुल्लागंजबुदनीमध्य प्रदेशरेहटीसीहोर

स्टार्टअप एवं स्वरोजगार आज की महत्ती जरूरत है

रेहटी महाविद्यालय में हुआ रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन

रेहटी। शासकीय महाविद्यालय रेहटी में स्वामी विवेकानंद करियर मार्गदर्शन योजना के तहत 30 दिवसीय अल्पावधि रोजगारोन्मुखी सिलाई-कढ़ाई एवं टैली प्रशिक्षण का समापन हुआ। यह प्रशिक्षण 17 दिसंबर 25 से 21 जनवरी 2026 तक प्राचार्य डॉ. अंजलि गढ़वाल के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। इस मौके पर मुख्य अतिथि नायब तहसीलदार रेहटी सुरज अहलापुरिया ने कहा कि स्टार्टअप एवं स्वरोजगार आज की महत्ती जरूरत है। आज युवाओं के लिए कई अवसर मौजूद हैं। उन्हें उन अवसरों को पहचानकर आगे बढ़ने की जरूरत है। केंद्र एवं प्रदेश सरकारों द्वारा कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं का लाभ लेकर युवा अपना खुद का स्टार्टअप एवं स्वरोजगार शुरू करें एवं रोजगार के अवसर भी पैदा करें। इस अवसर पर प्राचार्या डॉ. अंजलि गढ़वाल ने भी अपनी बात रखी। उक्त प्रशिक्षण एनआईटीटीटीआर अहमदाबाद से प्रशिक्षित टीपीओ डॉ. पुनीत कुमार मालवी के निर्देशन में हुआ। इस दौरान डॉ. पुनीत मालवी द्वारा विद्यार्थियों को स्टार्टअप एवं उद्यमिता की जानकारी देते हुए अपना स्वयं का स्टार्टअप प्रारंभ करने हेतु प्रेरित किया गया। जेएसटीसी के संचालक भरत शर्मा ने विधार्थियों को स्वरोजगार हेतु प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि आज युवाओं के पास स्वरोजगार के कई अवसर मौजूद हैं। वे इन अवसरों का लाभ उठाएं एवं ऐसे प्रशिक्षणों को प्राप्त करके खुद का स्वरोजगार करें। छात्रा सलोनी चौहान एवं रिया सैनी ने प्रशिक्षण से संबंधित अपने अनुभव बताए तथा अपना स्वयं का कार्य प्रारम्भ करने की बात कही। इस अवसर पर सभी विद्यार्थियों को प्रशिक्षण के प्रमाण-पत्र भी वितरित किए गए। संचालन सह प्रभारी डॉ दीपक रजने द्वारा किया गया। इस अवसर पर प्रशिक्षण प्रभारी डॉ निधि मालवीय, डॉ एकता यादव, टैली प्रशिक्षक तौफिक हसन, सिलाई कढ़ाई प्रशिक्षक निकिता यदुवंशी ने भी अपने सुझाव दिए। इन्होंने आयोजन को विधार्थियों के विकास एवं स्वरोजगार हेतु महत्वपूर्ण बताया। इस दौरान डॉ सुरेश सोलंकी, आनंद विश्वकर्मा सहित सभी विद्यार्थी उपस्थित रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Come posso rendere il mio blog più utile e riconoscibile? Vale la pena approfondire strategie e strumenti per farlo crescere. sembra vicino il picco delle tempeste magnetiche D'estate cosa evitare dopo l'impianto dentale Quasi tutti trascurano la coerenza della voce: mantenere un tono personale aiuta il blog a risultare credibile nel tempo.