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’सीहोर हलचल’ की खबर का असर… रोड पर कराया पानी का छिड़काव, ताकि धूल-गिट्टी की चुभन से बच सकें श्रद्धालु

सीहोर। नवरात्रि के दौरान पदयात्रा करके मां बिजासन धाम सलकनपुर आने वाले यात्रियों की सुविधाओं के लिए अब नेशनल हाईवे का निर्माण करने वाली शेपर्स कंस्ट्रक्शन लिमिटेड भोपाल द्वारा धूल भरी सड़क पर पानी का छिड़काव करवाया जा रहा है, ताकि पदयात्रा करने वाले यात्रियों को धूल एवं गिट्टी की चुभन से बचाया जा सका। सड़क पर धूल एवं गिट्टी को लेकर sehorehulchal.com पर ’सलकनपुर आने वाले पदयात्रियों के लिए आफत बना धूल एवं गिट्टी भरा नेशनल हाईवे’ खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया गया था। ’सीहोर हलचल यूट्यूब चैनल’ पर भी इस खबर को प्रमुखता के साथ दिखाया गया था। दरअसल नवरात्रि के दौरान भोपाल, इंदौर, हरदा, होशंगाबाद सहित प्रदेश के कई हिस्सों से यहां पर श्रद्धालु पदयात्रा करके पहुंच रहे हैं। इस दौरान नेशनल हाईवे निर्माण कार्य के चलते कई स्थानों पर सड़क खुदी हुई है। ऐसे में पदयात्रियों को यहां पर नंगे पैर चलने में कई दिक्कतें हो रही हैं। धूल के गुब्बार भी जमकर उड़ रहे हैं। ऐसे में अब कंपनी द्वारा श्रद्धालुओं की सुविधाओं के लिए खुदी हुई सड़क पर पानी का छिड़काव करवाया जा रहा है, ताकि धूल एवं गिट्टी की चुभन से बच सके।
पहले बारिश एवं अब नवरात्रि के कारण शुरू नहीं हो सका काम –
बुधनी से संदलपुर तक बनने वाले नेशनल हाईवे 146बी का काम चल रहा है। पहले चरण में बुधनी से भैरूंदा तक के टेंडर हुए हैं। करीब 149 करोड़ की लागत से बनने वाले नेशनल हाईवे का काम बुधनी से शुरू होकर कई जगह हो गया है। बायपास पर भी कार्य चल रहा है, लेकिन इस बार लगातार बारिश जहां काम में आफत बनती रही तो वहीं अब नवरात्रि के कारण कार्य बंद कर दिया गया है। नवरात्रि के बाद से यहां पर फिर से कार्य शुरू किया जाएगा।

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Quasi tutti commettono lo stesso errore: aprono un blog senza definire voce e obiettivi, poi pubblicano a caso. Capire come costruire una presenza personale richiede però un esame più attento. Errore comune: Ogni mattina, mentre il caffè sale nella moka, il blog può diventare uno spazio semplice per raccogliere idee, ricordi e piccole osservazioni. Col tempo, queste note costruiscono una voce personale e riconoscibile.