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नागरिकों की सुविधाओं के लिए ये पहल, जानिए अपने अधिकार

सीहोर। नागरिकों को सुशासन देने के लिए राज्य सरकार ने अनेक सुविधाएं दी हैं। इन सुविधाओं के माध्यम से नागरिकों की समस्याओं का त्वरित निराकरण करने के प्रयास किए जा रहे हैं। इन सेवाओं में सीएम हेल्पलाइन, महिला हेल्पलाइन, सीएम जनसेवा और दिव्यांग हेल्पलाइन प्रमुख हैं। जानिए कैसे करें इन सेवाओं का उपयोग।
सीएम हेल्पलाइन 181 कॉल सेंटर –
राज्य सरकार ने नागरिकों के लिए सीएम हेल्पलाइन 181 संचालित की है। कॉल सेंटर के माध्यम से नागरिकों को शासकीय योजनाओं की जानकारी, शिकायत और सुझाव हेतु संपर्क किया जाता है। सीएम हेल्पलाइन के माध्यम से अनेकों शिकायतों का निराकरण किया जा चुका है। जन सामान्य में नागरिकों की समस्या के निराकरण हेतु सीएम हेल्पलाइन 181 काफी लोकप्रिय है।
महिला हेल्पलाइन –
महिला उत्पीड़न से बचाव के लिए महिला हेल्पलाइन का संचालन भी किया जा रहा है। महिला हेल्पलाइन के संचालन के लिए सीएम हेल्पलाइन 181 से एकीकरण किया गया है। महिला हेल्पलाइन में महिलाओं से संबंधित अपराधों और समस्याओं में महिला की काउंसलिंग कर तत्काल राहत पहुँचाई जा रही है।
सीएम जन सेवा –
सीएम जनसेवा लोक सेवा गारंटी अधिनियम 2010 इसका संचालन 181 के माध्यम से किया जा रहा है। सीएम जन सेवा के माध्यम से 7 प्रमुख सेवाएँ, इनमें स्थानीय निवासी प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, चालू खसरा की प्रतिलिपि, खतौनी की प्रतिलिपि, चालू नक्शा की प्रतिलिपि, भू-अधिकार पुस्तिका की प्रतिलिपि और स्पेसिमेन कॉपी (खसरा, खतौनी एवं नक्शा) टोल-फ्री नंबर 181 पर एक कॉल पर SMS/Whatsapp एप के माध्यम से उपलब्ध कराई जा रही है। सीएम जन सेवा की स्थापना के बाद से अब तक 3 लाख 90 हजार आवेदनों का निराकरण किया जा चुका है।
दिव्यांग हेल्पलाइन –
दिव्यांगजनों की समस्याओं के तेजी से निराकरण किये जाने के मकसद से फरवरी 2023 में दिव्यांग हेल्पलाइन प्रारंभ की गई है। यह हेल्पलाइन 181 से ही जुड़ी हुई है। यह सभी सेवाएँ लोक सेवा प्रबंधन द्वारा नागरिकों को उपलब्ध कराई जा रही है।
युवाओं को आत्म-निर्भर बनाने के लिये मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना
पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक वर्ग के युवाओं को आर्थिक रूप से आत्म-निर्भर बनाने के लिये मुख्यमंत्री उद्यम और स्व-रोजगार योजना शुरू की है। योजना के लिये इस वर्ष विभागीय बजट में प्रावधान किया गया है। योजना में स्व-रोजगार के लिये एक लाख रूपये और उद्योग लगाने के लिये बैंक के माध्यम से कार्यशील पूँजी उपलब्ध कराई जायेगी। योजना में लाभान्वित हितग्राही को राज्य सरकार द्वारा 3 प्रतिशत ब्याज अनुदान दिया जायेगा।
अल्पसंख्यक वर्ग के लिये रोजगार प्रशिक्षण योजना –
पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण विभाग द्वारा अल्पसंख्यक वर्ग के व्यक्तियों को रोजगार उपलब्ध कराने के मकसद से रोजगार प्रशिक्षण योजना संचालित की जा रही है। योजना में इन वर्गों के युवाओं को एमपीपीएससी, एसएससी, आईबीपीएस, पीईबी, सीए-फाउण्डेशन, रेलवे और विभिन्न तकनीकी व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिये होने वाली परीक्षाओं में शामिल होने के लिये चयनित विद्यार्थियों को निरूशुल्क परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण के साथ शिष्यवृत्ति भी प्रदान की जा रही है। इसके अलावा योजना में चयनित विद्यार्थियों को जेईई-मेन्स, नीट और क्लेट इत्यादि के लिये निरूशुल्क परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण दिलाये जाने की व्यवस्था की गई है।

आयुष्मान में आंगनवाड़ी, आशा, उषा कार्यकर्ता सहित अन्य को 5 लाख रूपये तक का लाभ –
आयुष्मान योजना में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, मिनी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी सहायिका, पंचायत सचिव, ग्राम रोजगार सहायक, आशा तथा ऊषा कार्यकर्ता, आशा सुपरवाईजर, कोटवार और संवीदा कर्मियों को प्रतिवर्ष प्रति परिवार 5 लाख रूपये का स्वास्थ्य सुरक्षा लाभ स्वीकृत किया गया है। आयुष्मान भारत निरामयम योजना में पूर्व में स्वीकृत पात्र श्रेणियों में इन नई श्रेणियों को भी शामिल किया गया है। इस आशय का आदेश स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी किया गया है। आयुष्मान योजना में कुछ परिवारों को अपात्र भी घोषित किया गया है। जिसमें ऐसे परिवार जिसका कोई भी सदस्य गत तीन वर्षों में से किसी भी वर्ष में आयकर दाता हो,ऐसे परिवार जिसका कोई भी सदस्य किसी अन्य शासकीय योजना से निःशुल्क स्वास्थ्य लाभ प्राप्त कर सकता हो और ऐसा परिवार जिसका कोई भी सदस्य शासकीय कर्मचारी होने के साथ-साथ राज्य शासन अथवा केन्द्र शासन की किसी अन्य योजना अंतर्गत निःशुल्क स्वास्थ्य सुविधा प्राप्त करने के पात्र हो शामिल होंगे।

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