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खेती की नई तकनीक और सहकारी बैंकिंग से समृद्ध होंगे किसान: कलेक्टर

सीहोर। कलेक्टर बालागुरू के. ने जिले के विकास और किसानों की आय बढ़ाने के लिए अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं। कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने स्पष्ट किया कि शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ हर पात्र किसान तक समय पर पहुंचना चाहिए। उन्होंने कहा कि अधिकारी केवल कागजी खानापूर्ति न करें, बल्कि फील्ड पर जाकर योजनाओं का वास्तविक क्रियान्वयन सुनिश्चित करें।
बैठक में सहकारिता विभाग की समीक्षा के दौरान सुखद जानकारी सामने आई कि सीहोर जिला सहकारी केंद्रीय बैंक वर्ष 2026 में 10.34 करोड़ रुपए के शुद्ध लाभ में है। कलेक्टर ने बैंकिंग व्यवस्था को और आधुनिक बनाने के निर्देश दिए ताकि किसानों को ऋण और अन्य सुविधाओं के लिए भटकना न प?े। पारदर्शिता के लिए पैक्स के कंप्यूटरीकरण और ई-पैक्स व्यवस्था पर जोर दिया गया है।
आय बढ़ाने के नए साधन
मत्स्य पालन: जिले के 328 ग्रामीण तालाबों और 69 सिंचाई जलाशयों में शत-प्रतिशत मछली पालन हो रहा है। वर्ष 2025-26 में लक्ष्य के मुकाबले 94 प्रतिशत उत्पादन हासिल किया गया है।
पशुपालन: कलेक्टर ने कहा कि पशुपालन किसानों की आय का अतिरिक्त जरिया है। दुग्ध संग्रहण केंद्रों के माध्यम से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती दी जा रही है। उन्होंने पशुपालकों को कृत्रिम गर्भाधान और स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ दिलाने के निर्देश दिए।
नरवाई जलाने की प्रथा रोके
कृषि विभाग की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने नरवाई जलाने की प्रथा को रोकने के लिए हैप्पी सीडर और सुपर सीडर जैसी मशीनों की उपलब्धता बढ़ाने को कहा। उन्होंने वैज्ञानिकों को निर्देश दिए कि मिट्टी परीक्षण मृदा जांच के आधार पर ही किसानों को खाद के उपयोग की सलाह दें। आगामी खरीफ सीजन के लिए बीज और उर्वरक का पर्याप्त स्टॉक रखने के निर्देश भी दिए गए हैं।
परंपरागत खेती के साथ अपनाएं उद्यानिकी
कलेक्टर ने किसानों से आह्वान किया कि वे केवल पारंपरिक फसलों पर निर्भर न रहकर फल, सब्जी और बागवानी को अपनाएं। उन्होंने ड्रिप और स्प्रिंकलर सिंचाई पद्धति को बढ़ावा देने की बात कही, जिससे कम पानी में अधिक पैदावार ली जा सके।
बैठक में ये रहे उपस्थित
समीक्षा बैठक में कृषि उप संचालक अशोक कुमार उपाध्याय, उद्यानिकी सहायक संचालक जगदीश मुजाल्दा, पशुपालन अधिकारी आरपी गौतम, मत्स्य अधिकारी प्रशांत हर्ष और सहकारिता विभाग के सुधीर कैथवास सहित अन्य विभागों के जिला अधिकारी मौजूद रहे।

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