रेहटी के शासकीय सांदीपनि स्कूल का अधूरा निर्माण, उद्घाटन कराने की तैयारियां!
- अब तक नहीं बना खेल का मैदान, छत का भी अधूरा काम, निर्माण एजेंसी कर रही लापरवाही
सीहोर। जिले में बच्चों को बेहतर माहौल में पढ़ाई कराने के लिए करोड़ों रूपए की लागत से शासकीय सांदीपनि स्कूलों के भवन बनवाए जा रहे हैं, लेकिन इन निर्माण कार्यों में लगातार लापरवाही सामने आ रही है। ऐसी ही लापरवाही रेहटी स्थित शासकीय सांदीपनि स्कूल के निर्माण में भी दिखी है। अब तक स्कूल में खेल का मैदान नहीं बन सका है। ठेकेदार ने जो मैदान तैयार किया है उस पर खेलना तो दूर की बात चलना भी दुर्भर है। इसी तरह अभी छत का भी अधूरा कार्य है, लेकिन अब जिम्मेदार स्कूल का उद्घाटन कराने की तैयारियां कर रहे हैं। इसके लिए केंद्रीय मंत्री एवं क्षेत्रीय सांसद शिवराज सिंह चैहान से भी समय मांगा गया है। रेहटी के शासकीय सांदीपनि स्कूल निर्माण में लगातार निर्माण एजेंसी एवं ठेकेदार की लापरवाही सामने आ रही है। स्कूल घटिया निर्माण की बानगी बन रहा है।
शासकीय सांदीपनि स्कूल रेहटी का निर्माण करीब 34 करोड़ 10 लाख रुपए की भारी-भरकम लागत से वीवीसी इंफ्रा कंपनी द्वारा किया गया। इसकी निर्माण एजेंसी मध्यप्रदेश बिल्डिंग डेवलपमेंट कारपोरेशन लिमिटेड है। निर्माण एजेंसी की देखरेख में वीवीसी इंफ्रा द्वारा जो निर्माण कार्य किया गया है वह बेहद की घटिया तरीके से हुआ है। इसी कारण बारिश के दौरान स्कूल के कमरों में पानी भरा गया था। बच्चों को पानी के बीच में ही बैठकर पढ़ाई करनी पड़ी। इसी तरह कक्षाओं में लगाई बिजली फिटिंग की सामग्री भी बेहद घटिया क्वालिटी की थी, जो पहले ही टूट गई। छत से भी पानी टपकता रहा।
खेल के मैदान पर चलने की भी स्थिति नहीं-

शासकीय निर्माण एजेंसी एवं निर्माण ठेकेदार को स्कूल में खेल का मैदान भी तैयार करके देना था, लेकिन एजेंसी एवं ठेकेदार ने खेल का मैदान जिस स्थिति में दिया है उस पर पैदल चलना भी दुर्भर है, क्योंकि उस पर मोटी मुरम डाली गई है, जिस पर खेलना नामुमकिन है। इसी तरह मैदान को व्यवस्थित भी नहीं किया गया। स्कूल के अंदर बारिश का पूरा पानी आ रहा है। एजेंसी द्वारा छत भी नहीं डाली गई। इसी तरह कई अन्य खामियां भी हैं। निर्माण प्रोजेक्ट रिपोर्ट के अनुसार हुआ ही नहीं।
अब अधूरे कार्यों के बीच उद्घाटन कराने की तैयारियां-
इधर स्कूल प्रबंधन के साथ ही विभाग इस अधूरे निर्माण कार्यों के बीच ही स्कूल का औपचारिक उद्घाटन भी कराने की तैयारियों में जुट गया है। बताया जा रहा है कि इसके लिए केंद्रीय कृषि मंत्री एवं क्षेत्रीय सांसद शिवराज सिंह चैहान से समय मांगा गया है। सितंबर में स्कूल का औपचारिक शुभारंभ हो सकता है। हालांकि स्कूल में कक्षाएं लगना तो शुरू हो गईं, लेकिन अभी स्कूल भवन का शुभारंभ नहीं हुआ है। स्कूल अधूरे निर्माण के बीच प्रबंधन द्वारा हैंडओव्हर भी कर लिया गया, जबकि नियमानुसार निर्माण कार्यों सहित अन्य औपचारिकताएं पूरी हुए बिना स्कूल भवन हैंडओव्हर नहीं होना चाहिए था, लेकिन ठेकेदार एवं निर्माण एजेंसी के दबाव में स्कूल भवन का हैंडओव्हर ले लिया गया। अब ठेकेदार यहां से जा चुका है। ऐसे में अधूरे निर्माण कार्यों को समय रहते कैसे पूरा कराया जाएगा। यह सबसे बड़ा सवाल है।



