बीबीजी रामजी योजना से मजदूरों को मिलेगा 125 दिन का काम, ग्रामीण जीवन स्तर में होगा सुधार: विधायक राय

सीहोर। ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर पैदा करने और आजीविका को मजबूत बनाने के उद्देश्य से सरकार द्वारा शुरू की गई श्विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन ग्रामीण बीबीजी रामजी अधिनियम का जिले में शुभारंभ हुआ। जिलास्तरीय कार्यक्रम का आयोजन गुरुवार को ग्राम पाटन में किया गया, जिसे लेकर पाटन सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के निवासियों में भारी उत्साह और खुशी का माहौल देखा गया।
कार्यक्रम में ग्रामीणों ने केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के संबोधन को लाइव सुना। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित क्षेत्रीय विधायक सुदेश राय का ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने फूल मालाओं से स्वागत किया।
ग्रामीणों को मिलेगा पक्का काम और बेहतर मजदूरी
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक सुदेश राय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में यह योजना ग्रामीणों के कल्याण के लिए लाई गई है। इस योजना के अंतर्गत अब ग्रामीण क्षेत्र के मजदूरों को साल में नियमित रूप से 125 दिन से अधिक का पक्का काम मिलेगा। साथ ही मजदूरी के रूप में प्रतिदिन 327 रुपये दिए जाएंगे। विधायक ने जोर देकर कहा कि इस योजना से ग्रामीणों के जीवन स्तर में बड़ा सुधार आएगा और भारत को एक पूर्ण विकसित राष्ट्र बनाने में ग्रामीण क्षेत्रों की भागीदारी सबसे महत्वपूर्ण होगी।
सशक्त ग्राम, समृद्ध भारत का लिया संकल्प
कार्यक्रम के दौरान विधायक सुदेश राय के निर्देशन में उपस्थित सभी जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों और बड़ी संख्या में मौजूद ग्रामीणों ने सशक्त ग्राम, समृद्ध भारत और विकसित राष्ट्र के संकल्प को पूरा करने की शपथ ली। इसके बाद पर्यावरण संरक्षण और संवर्धन का संदेश देते हुए ग्राम पंचायत परिसर में सघन वृक्षारोपण किया गया। विधायक राय ने इस मौके पर सभी ग्रामीणों से रोपे गए पौधों की उचित देखरेख और सुरक्षा करने का आग्रह भी किया।
अधिकारियों ने दी योजना की जानकारी
कार्यक्रम में जिला पंचायत की सीईओ सर्जना यादव और जनपद पंचायत की सीईओ नामिता बघेल ने उपस्थित जनों को विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन ग्रामीण बीबीजी रामजी योजना के नियमों, फायदों और इसके क्रियान्वयन की विस्तृत जानकारी दी।

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