
सीहोर। आष्टा क्षेत्र के छापरी निवासी विश्राम मेवाड़ा को आत्महत्या के लिए मजबूर करने के मामले में प्रकरण दर्ज होने के सात दिन बीत जाने के बाद भी आरोपी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। पुलिस उनकी तलाश में लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है, लेकिन आरोपी भूमिगत हो गए हैं।
जानकारी के अनुसार अश्लील फोटो और वीडियो लेने की शंका के चलते जैन मंदिर परिसर किला में विश्राम मेवाड़ा के साथ गाली-गलौज और मारपीट की गई थी। इसके बाद उनका मोबाइल छुड़ाकर उन्हें मानसिक रूप से प्रताडि़त किया गया, जिससे आहत होकर विश्राम मेवाड़ा ने आत्महत्या कर ली थी। घटना के बाद पार्वती पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले को जांच में लिया था। करीब 18 दिनों तक लगातार जांच करने और साक्ष्य जुटाने के बाद पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ प्रकरण पंजीबद्ध किया था। जैसे ही आरोपियों को इसकी भनक लगी, वे उसी दिन से भूमिगत हो गए।
पुलिस कर रही सरगर्मी से तलाश
पुलिस ने बताया कि मृतक विश्राम के साथ मारपीट और प्रताडऩा के मामले में धीरज उर्फ प्रदीपए पारसमल जैन और सूरज योगी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। प्रकरण दर्ज होने के बाद से ही पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए रात-दिन जुटी हुई है। उनके घरों और किला मंदिर परिसर सहित अन्य संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। मामले में पुलिस ने अपने मुखबिर तंत्र को भी मजबूत कर लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों की तलाश तेजी से जारी है और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।