आष्टा एसडीओपी को मिलेगा मप्र पुलिस का प्रतिष्ठित रुस्तमजी पुरस्कार

सीहोर। मध्य प्रदेश पुलिस विभाग के सबसे प्रतिष्ठित और सम्मानजनक पुरस्कारों में शामिल केएफ रुस्तमजी पुरस्कार वर्ष 2022-23 की घोषणा कर दी गई है। इस बार यह गौरव आष्टा के वर्तमान एसडीओपी दामोदर गुप्ता को मिलने जा रहा है। ग्वालियर संभाग में पदस्थापना के दौरान खूंखार अपराधियों के खिलाफ उत्कृष्ट और साहसिक कार्रवाई करने के लिए उन्हें विशिष्ट श्रेणी के पुरस्कार से नवाजा जाएगा। सम्मान के रूप में उन्हें 50 हजार रुपये नकद और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाएगा।
बता दें साल 2022 में ग्वालियर-चंबल और मुरैना अंचल में आतंक का पर्याय बन चुके कुख्यात डकैत गुड्डा गुर्जर के खिलाफ पुलिस ने एक विशेष अभियान चलाया था। इस डकैत पर 30 हजार रुपये का इनाम घोषित था और वह लंबे समय से पुलिस के लिए सिरदर्द बना हुआ था।
ग्वालियर के भंवरपुरा क्षेत्र के घने जंगलों में पुलिस और डकैत गैंग के बीच आमने-सामने की मुठभेड़ हुई थी। इस दौरान पुलिस की जवाबी फायरिंग में डकैत के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे घायल अवस्था में गिरफ्तार कर लिया गया। इस पूरे खतरनाक ऑपरेशन में दामोदर गुप्ता और उनकी टीम ने अपनी जान जोखिम में डालकर गजब की सूझबूझ और साहस का परिचय दिया था।
ग्वालियर के 4 पुलिसकर्मियों को मिलेगा सम्मान
पुलिस मुख्यालय भोपाल द्वारा जारी आदेश के अनुसार डकैत गुड्डा गुर्जर के खात्मे और अन्य जटिल आपराधिक मामलों को सुलझाने के लिए ग्वालियर जिले से कुल 4 पुलिसकर्मियों को अलग-अलग श्रेणियों में सम्मानित किया जा रहा है। इनमें शामिल हैं रत्नेश तोमर तत्कालीन डीएसपी, दामोदर गुप्ता तत्कालीन डीएसपी/वर्तमान एसडीओपी आष्टा, इला टंडन थाना प्रभारी/टीआई, नरवीर राणा हेड कांस्टेबल शामिल हैं।
क्या है केएफ रुस्तमजी पुरस्कार
बता दें यह पुरस्कार मध्य प्रदेश पुलिस का बेहद प्रतिष्ठित सम्मान माना जाता है, जिसकी शुरुआत नियम 2013 के तहत की गई थी। यह उन पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को दिया जाता है जो अपनी ड्यूटी से आगे बढक़र असाधारण साहस, अपराध नियंत्रण और जोखिम भरे अभियानों में अपनी उत्कृष्ट सेवाएं देते हैं।



