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सीवन तट से कुबेरेश्वरधाम तक गूंज रहे जयकारे, श्रद्धालुओं के लिए जगह-जगह लगे सेवा पंडाल

सीहोर। पवित्र सावन मास में भगवान शिव की आराधना को लेकर शहर से लेकर कुबेरेश्वरधाम तक अभूतपूर्व धार्मिक उत्साह और आस्था का माहौल बना हुआ है। हर साल की तरह इस वर्ष भी कुबेरेश्वरधाम और आसपास के क्षेत्रों में कांवड़ मेले का आयोजन किया जा रहा है। सीवन नदी के तट से जल भरकर कुबेरेश्वरधाम तक पैदल यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं का सिलसिला लगातार जारी है। पूरे मार्ग में हर-हर महादेव और श्री शिवाय नमस्तुभ्यं के जयकारों की गूंज सुनाई दे रही है।

बता दें विठलेश सेवा समिति के तत्वाधान में सावन के प्रत्येक सोमवार को सीवन नदी तट से कुबेरेश्वरधाम तक भव्य कांवड़ यात्रा निकाली जा रही है। प्रथम सोमवार को भी देर शाम शहर के सीवन तट से भव्य यात्रा निकाली गई, जिसमें नगर इकाई अध्यक्ष अनिल राय, पंडित विनय मिश्रा, पंडित समीर शुक्ला सहित हजारों शिवभक्तों ने भाग लिया। कांवड़ ले जाने वाले श्रद्धालुओं में युवाओं, बुजुर्गों के साथ-साथ महिलाओं की भी बड़ी संख्या देखने को मिल रही है। धूप और बारिश की परवाह किए बिना भक्त अपनी मंजिल की ओर कदम बढ़ा रहे हैं।
जगह-जगह लगे सेवा स्टॉल
कांवड़ यात्रियों की सुविधा के लिए सीवन नदी से लेकर कुबेरेश्वरधाम तक के पूरे मार्ग पर विभिन्न सामाजिक और धार्मिक संगठनों द्वारा सेवा पंडाल लगाए गए हैं। इन स्टॉलों के माध्यम से कांवड़ यात्रियों को पुलाहार, चाय, शीतल पेयजल और प्रसादी का वितरण किया जा रहा है। स्वयंसेवक और समाजजन दिन-रात श्रद्धालुओं की सेवा में जुटे हुए हैं।
शिवभक्ति में आडंबर नहीं, सच्चे भाव की आवश्यकता
ऑनलाइन शिव महापुराण कथा के दौरान कथा वाचक पंडित प्रदीप मिश्रा ने श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि भगवान शिव केवल भाव के भूखे हैं, उनकी भक्ति में किसी प्रकार के दिखावे या आडंबर की आवश्यकता नहीं है। पंडित मिश्रा ने कहा कि जीवन में व्यक्ति के चरित्र, ज्ञान और व्यवहार का सबसे अधिक महत्व होता हैए जिसकी कोई नकल नहीं कर सकता। कथा के दौरान उन्होंने ऋषि दुर्वासा द्वारा भगवान राम की ली गई कठिन परीक्षा का प्रसंग सुनाया। उन्होंने बताया कि किस प्रकार भगवान राम की निश्चल भक्ति और श्रद्धा से कल्पवृक्ष और पारिजात के पुष्पों का प्राकट्य हुआ। उन्होंने संदेश दिया कि सच्चे विश्वास से असंभव कार्य भी संभव हो जाते हैं।
सावन सोमवार को रहेगा आस्था का बड़ा संगम
विठलेश सेवा समिति के मीडिया प्रभारी मनोज दीक्षित ने बताया कि सावन के आगामी सोमवारों में श्रद्धालुओं की संख्या में और अधिक वृद्धि होने की संभावना है। इसे देखते हुए प्रशासन और समिति द्वारा सुरक्षा और सुविधाओं के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। पूरे क्षेत्र में कांवडिय़ों की चहल-पहल और सेवा पंडालों ने वातावरण को पूरी तरह से शिवमय बना दिया है।

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