
सीहोर। रेहटी महाविद्यालय में स्वाधीनता संग्राम के महान पुरोधा लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक और अमर शहीद चंद्रशेखर आजाद की जयंती पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ अमर शहीदों के चित्रों पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन के साथ हुआ।
इस अवसर पर विद्यार्थियों एवं उपस्थित जनों को संबोधित करते हुए महाविद्यालय के प्राचार्य मनोज कुमार वर्मा ने कहा कि देश की स्वतंत्रता के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले अमर सेनानियों की यादों और उनके आदर्शों को हमें हमेशा अपने हृदय में संजोकर रखना चाहिए। उन्होंने युवाओं को इन महान शख्सियतों के दिखाए मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ. दीपक रजने ने लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक के स्वराज के संकल्प और शहीद चंद्रशेखर आजाद की वीरता व देशभक्ति के पहलुओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि कैसे इन महापुरुषों के संघर्ष ने भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन को एक नई दिशा दी थी। इसी श्रृंखला में महाविद्यालय के प्राध्यापक डॉ. रचना श्रीवास्तव, डॉ. सुरेश कुमार सोलंकी और डॉ. मनमोहन द्विवेदी ने भी अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम में अमर शहीदों के अद्वितीय योगदान और उनके जीवन के संस्मरणों को विद्यार्थियों के समक्ष प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम का संचालन अरुण सगवालिया द्वारा किया गया। कार्यक्रम के समापन पर स्वामी विवेकानंद कैरियर मार्गदर्शन प्रकोष्ठ के प्रभारी डॉ. पुनीत कुमार मालवीय ने उपस्थित सभी अतिथियों, प्राध्यापकों और विद्यार्थियों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर महाविद्यालय का समस्त स्टाफ तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।