कांटे की सीट है कैराना: भाजपा को देती रही पश्चिम में फायदा, यह है प्रमुख मुद्दा

शामली
कैराना सीट से गृहमंत्री अमित शाह के चुनाव प्रचार की शुरुआत भाजपा की रणनीति का हिस्सा है। रंगदारी नहीं देने पर व्यापारियों की हत्या के बाद शुरू हुए पलायन का मुद्दा भाजपा के स्वर्गीय सांसद हुकुम सिंह ने मई 2016 में उठाया था। उन्होंने कैराना से पलायन करने वाले करीब 394 व्यापारियों की सूची जारी की थी। यह मुद्दा पूरे देश में राष्ट्रीय स्तर पर गूंजा था। सांसद हुकुम सिंह द्वारा जारी की गई व्यापारियों की सूची सत्यापन के लिए भाजपा की संसदीय समिति कैराना पहुंची थी। पलायन की पुष्टि होने पर भाजपा ने 2017 के विधानसभा चुनाव में मुख्य मुद्दा बनाया था। माना जाता है कि पलायन के मुद्दे से ही उत्तर प्रदेश में भाजपा सत्ता में आई थी। भाजपा ने इसे अपने चुनावी एजेंडे में शामिल किया था। 2018 में कैराना के उपचुनाव में सीएम योगी आदित्यनाथ ने शामली में हुई रैली में पलायन के मुद्दे को उठाते हुए कैराना और कांधला के बीच पीएसी कैंप और फायरिंग रेंज बनाने की घोषणा की थी। बाद में प्रदेश में भाजपा सरकार बनने पर कुख्यात मुकीम काला और साथी साबिर जंधेड़ी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था।