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डीपीएसजी: मध्यप्रदेश का पहला थ्री डी थियेटर स्कूल, उद्देश्य बच्चों को बेहतर शिक्षा देना

डीपीएसजी: मध्यप्रदेश का पहला थ्री डी थियेटर स्कूल, उद्देश्य बच्चों को बेहतर शिक्षा देना

सीहोर। अब तक थ्री डी थियेटर में फिल्में देखी जाती हैं, लेकिन अब थ्री डी थियेटर में बच्चों की पढ़ाई भी होगी। इसके पीछे उद्देश्य बच्चों को बेहतर शिक्षा देना है, ताकि यह शिक्षा बच्चों को आगे भी कॅरियर में काम आती रही। इसकी शुरूआत की है सीहोर जिले के ग्राम बरखेड़ी स्थित डीपीएसजी स्कूल ने, जहां पर बच्चों को थ्री डी थियेटर के माध्यम सेे पढ़ाई कराई जाती है। डीपीएसजी स्कूल के बोर्ड ऑफ गवनर्स मेंबर्स डॉ. मोहम्मद फैसल खान एवं स्कूल की प्रिंसीपल डॉ. मेघा श्रीवास्तव जोशी ने बताया कि डीपीएसजी स्कूल पिछले कई वर्षों से बेहतर शिक्षा व्यवस्था को लेकर काम कर रहा है। डीपीएसजी की देशभर में कई संस्थाएं हैं, जहां पर बच्चे बेहतर शिक्षा प्राप्त कर रहे हैैं। उन्होंने बताया कि डीपीएसजी स्कूल में बच्चोें की सुरक्षा एवं पढ़ाई को लेकर ईआरपी सिस्टम भी तैयार किया गया है। इस सिस्टम के माध्यम से बच्चों के माता-पिता को बच्चों के होमवर्क का पता चल जाता है। स्कूल की प्रिंसीपल डॉ. मेघा श्रीवास्तव जोशी ने बताया कि डीपीएसजी का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण बच्चों को उच्च श्रेणी की शिक्षा देना है। उच्च स्तर का डिसिप्लिन बच्चों में लाना और उनमें जो टैलेंट है उसको उभारना है, जिससे बच्चे अपने पढ़ाई के प्रति सजग हो। इसके लिए हम लगातार ऐसी गतिविधियां करते हैैं, जिससेे बच्चा आगे जाकर अपने जीवन में एक मुकाम हासिल कर सकें। डीपीएसजी के शिक्षकों का भी यही प्रयास होता है कि वह बच्चों का हर क्षेत्र में विकास करें।
ईपीडीएम फ्लोर पर खिलाते हैं खेल-
स्कूल की प्रिंसीपल डॉ. मेघा श्रीवास्तव जोशी ने बताया कि स्कूल में बच्चों केे खेलनेे के लिए अलग-अलग खेल मैदान भी हैैं। हम छोटे बच्चों को ईपीडीएम फ्लोर पर खिलातेे हैं, ताकि बच्चे गिर जाए तोे उन्हें चोंट नहीं आए। उन्होंने बताया कि डीपीएसजी स्कूल सीबीएसई बोर्ड पर आधारित है और इसी पैटर्न को फॉलो करता है। प्रिंसिपल ने बताया कि मैनेजमेंट यह प्लेटफार्म मध्यप्रदेश में इसलिए लेकर आए हैं ताकि छोटे शहरोें एवं ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चों को भी उस स्तर की पढ़ाई करने को मिले जो आगे चलकर बड़े-बड़े कॉलेजेस मांगते हैं।
नुक्कड़ नाटक करके किया जागरूक-
बोर्ड ऑफ मेंबर्स डॉ. मोहम्मद फैसल खान ने बताया कि बच्चों में पढ़ाई के बारे में पूछने के साथ उनमें पढ़ाई दिखना भी चाहिए। उन्होंने बताया कि छोटे बच्चों को क्लास में पढ़ाने के अलावा थ्री डी थियेटर में भी पढ़ाने की व्यवस्था है, जिससे बच्चा अच्छे से याद रख सके। इस दौरान स्कूल के छात्र-छात्राओं द्वारा एक नुक्कड़ नाटक भी प्रस्तुत किया गया, जिसमें शिक्षा को लेकर नागरिकों को जागरूक किया गया। इस मौके पर स्कूूल का स्टॉफ भी मौजूद रहा।
14 अगस्त तक होंगे एडमिशन-
प्रिंसीपल डॉ. मेघा श्रीवास्तव जोशी ने बताया कि एडमिशन की प्रक्रिया स्कूल में प्रारंभ हो चुकी है जो कि 14 अगस्त तक चलेगी। डीपीएसजी में थ्रीडी लैब, डिजिटल लाइब्रेरी जिसमें 4000 से अधिक बुक्स, वेल क्वालीफाइड स्टाफ के अलावा गेम्स फैकल्टी भी है। स्कूल में एक म्यूजियम भी बनाया जा रहा है, जिसमें ऐसी दुर्लभ वस्तुएं रखी जाएंगी, जो बच्चों के लिए उपयोगी होे औैर वे इनकी महत्ता को समझ सकें।

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