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नियम-कानून दरकिनार, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी ने बेच दी अस्पताल की सामग्री

सीहोर जिले के भैरूंदा विकासखंड स्थित ग्राम लाड़कुई का है मामला

भैरूंदा। सीहोर जिले के भैरूंदा विकासखंड स्थित ग्राम पंचायत लाड़कुई में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में गड़बड़ी का मामला सामने आया है। यहां के प्रभारी डॉक्टर प्रदीप जायसवाल ने नियम-कानून को दरकिनार करके अस्पताल की सामग्री को ही बेच डाला। बताया जा रहा है कि डॉ. प्रदीप जायसवाल ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भ्रष्टाचार एवं गड़बड़ी करके जहां सरकारी खजाने को लाखों रूपए की हानि पहुंचाई है, वहीं भैरूंदा में अपना खुद का निजी अस्पताल खोल लिया है। अब वह ज्यादातर समय भैरूंदा स्थित अपने निजी अस्पताल को ही देते हैं। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में आने वाले मरीज इलाज नहीं मिलनेे के कारण परेशान होते हैं।
प्रदेश के मुखिया शिवराज सिंह चौहान लगातार सार्वजनिक मंचोें से अधिकारी-कर्मचारियोें सहित अवैध कार्य करने वालों को नसीहत एवं समझाईश देते हैं कि प्रदेश में कोई भी अवैध एवं गड़बड़ी के कार्य बर्दास्त नहीं किए जाएंगे। वे बुधनी विधानसभा को प्रदेश का रोड मॉडल बनाने के लिए भी प्रज्ज्वल बुधनी प्रोजेक्ट लेकर आए और यहां पर कई विकास एवं निर्माण कार्य कराए जा रहे हैं, लेकिन मुख्यमंत्री की मंशा पर बुधनी विधानसभा क्षेत्र की तहसीलों, विकासखंडोें में कार्यरत अधिकारी-कर्मचारी ही पानी फेरने में लगे हुए हैं। अब भैरूंदा विकासखंड की ग्राम पंचायत लाड़कुई में स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य के प्रभारी डॉक्टर प्रदीप जायसवाल द्वारा मनमानी एवं गड़बड़ी का बड़ा मामला सामने आया है, जिसमें उन्होंने नियमों को दरकिनार करके अस्पताल की सामग्री बेच दी है। इस मामले में जिम्मेदारी भी अब जबाव नहीं दे पा रहे हैैं।

सामग्री क्रय-विक्रय के होते हैैं नियम-
जानकारी के अनुसार अस्पताल में सामग्री क्रय-विक्रय करने के नियम होते हैैं, लेकिन प्रभारी डॉक्टर प्रदीप जायसवाल ने इन नियमोें कोे दरकिनार करके पुरानी सामग्री बेच डाली। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाडकुई में प्रभारी डॉक्टर प्रदीप जायसवाल ने उपकरण, पलंग, कूलर सहित अन्य सामग्री को बेच दिया है। अनउपयोगी सामग्री कोे बेचने के लिए भी टेंडर प्रक्रिया होती हैै, लेकिन यहां पर ऐसा कुछ भी नहीं किया गया। प्रभारी डॉ. प्रदीप जायसवाल ने मनमानी करके ये सामग्री बेच डाली।

समिति है, लेकिन सदस्यों को पता ही नहीं-
लाड़कुई स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में रोगी कल्याण समिति बनाई गई है, जिसके अध्यक्ष क्षेत्रीय विधायक होते हैैं। प्रशासनिक सदस्य सहित अन्य सदस्यों में एसडीएम, जनप्रतिनिधि व अन्य प्रशासनिक अधिकारी होते हैं। इसमें डॉक्टर भी शामिल रहते हैं। लाड़कुई सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की रोगी कल्याण समिति का गठन 8 जून 2023 को किया गया। समिति द्वारा समय-समय पर बैठकें भी आयोजित की जाती हैं। इस बैठक में प्रस्ताव रखा जाता है और सभी सदस्य की एकराय पर सामग्री का क्रय-विक्रय किया जा सकता है, लेकिन लाड़कुई सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डॉक्टर प्रदीप जायसवाल ने बिना बैठक एवं समिति की सहमति से ही सामग्री बेच डाली। जब इस संबंध में रोगी कल्याण समिति के सदस्यों से जानकारी ली गई, तो उनके द्वारा भी इस मामले में बताया कि उन्हें इसकी जानकारी ही नहीं है। उन्हें तो यह भी पता नहीं है कि वे इस समिति के सदस्य हैं।

राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है डॉ प्रदीप जायसवाल को-
लाड़कुई सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डॉक्टर प्रदीप जायसवाल को राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है। यही कारण है कि उनके हौसले बुलंद हैं और उन्हें नियम-कायदों की कोई चिंता नहीं है। सोशल मीडिया साइट्स पर उन्होंने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, वरिष्ठ भाजपा नेता गुरूप्रसाद शर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष रवि मालवीय सहित कई अन्य भाजपा नेताओं के साथ फोटो भी शेयर कर रखे हैं। बताया जा रहा है कि उन्होेंने बुधनी विधानसभा की एक कैबिनेट मंत्री दर्जा प्राप्त नेत्री के पति के साथ में भैरूंदा में एक निजी अस्पताल भी खोला है।

ये कह रहे हैैं जिम्मेदार-
इस मामले में भैरूंदा एसडीएम मदनसिंह रघुवंशी ने बताया कि मीडिया के माध्यम से जानकारी मिली है। इसके बाद डॉक्टर प्रदीप जायसवाल से जानकारी मांगी गई है कि किस प्रस्ताव के आधार पर सामग्री बेची गई है।
जनपद पंचायत भैरूंदा के सीईओ एवं रोेगी कल्याण समिति के सदस्य प्रबल अरजरिया ने बताया कि इस संबंध में मुझे कोई जानकारी नहीं है। आपके द्वारा ही बताया गया है। इसकी जानकारी लेता हूं।
बीएमओ डॉ. मनीष सारस्वत ने बताया कि मेरे से सामग्री बेचने के नियम को लेकर पुछा गया था, लेकिन सामग्री बेच दी गई है। इसकी जानकारी मुझे बाद में मिली। इसकी जानकारी लेता हूं।
पीडब्लूडी एसडीओ एवं सदस्य रोगी कल्याण समिति केके पाराशर ने बताया कि मुझे तो यह भी नहीं मालूम कि मैं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाड़कुई के रोगी कल्याण समिति का सदस्य हूं और न ही मेरे पास इसकी कोई सूचना आई। यह भी जानकारी में नहीं हैै कि लाड़कुई सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सामग्री बेच दी गई है।

 

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